
- सहारनपुर के होटल में सात कमरों में चल रहा था फर्जी कॉल सेंटर
- अमेरिका के बुजुर्गों को बनाया गया साइबर ठगी का शिकार
- पॉपअप मैसेज से भेजते थे वायरस, फिर सिस्टम हाईजैक कर ठगते थे पैसे
सहारनपुर। उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले में एक होटल में चल रहे अंतरराष्ट्रीय साइबर फ्रॉड रैकेट का पर्दाफाश हुआ है। पुलिस ने होटल रिडेक्शन में छापा मारकर अमेरिका के बुजुर्ग नागरिकों से करोड़ों रुपये की ऑनलाइन ठगी करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ किया है। इस गिरोह ने सात कमरों में कॉल सेंटर बना रखा था, जहां से 24 घंटे ठगी का नेटवर्क संचालित किया जा रहा था।
पुलिस ने शुक्रवार को छापेमारी के दौरान 11 आरोपियों को गिरफ्तार किया, जिनमें चार महिलाएं भी शामिल हैं। इनके पास से 14 लैपटॉप, 11 मोबाइल फोन और 4,900 रुपये नकद बरामद किए गए हैं। पकड़े गए आरोपी दिल्ली, असम, पश्चिम बंगाल, मणिपुर और नागालैंड के रहने वाले हैं।
ऐसे करते थे ठगी
गिरोह डार्कवेब से अमेरिका के बुजुर्ग नागरिकों का डेटा खरीदता था। इसके बाद उनके कंप्यूटर या लैपटॉप पर पॉपअप मैसेज भेजे जाते थे, जिन्हें क्लिक करते ही वायरस एक्टिव हो जाता था। इसके बाद गिरोह के सदस्य फोन कर खुद को तकनीकी सपोर्ट स्टाफ बताकर सिस्टम को ठीक करने का झांसा देते थे। इसी दौरान वे कंप्यूटर को हाईजैक कर लेते और डराने-धमकाने की रणनीति अपनाकर मोटी रकम वसूलते थे।
मास्टरमाइंड और योजनाबद्ध सेटअप
पूरे गिरोह का मास्टरमाइंड दिल्ली निवासी रोहित शर्मा बताया जा रहा है, जो अन्य साथियों के साथ होटल में सेटअप चला रहा था। आरोपी प्रोफेशनल ड्रेस में कंप्यूटर सिस्टम पर काम करते थे ताकि किसी को शक न हो।
एसपी देहात सागर जैन ने बताया कि पुलिस को मुखबिर से करीब 20 दिन पहले सूचना मिली थी कि होटल में बाहर के लोग संदिग्ध तरीके से रह रहे हैं और लंबे समय से कमरा खाली नहीं किया गया है। गुप्त योजना के तहत शुक्रवार को छापा मारकर यह बड़ी कार्रवाई की गई।
पूछताछ जारी
पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि अमेरिका के किन-किन शहरों में यह गिरोह सक्रिय था और कितने लोगों से अब तक ठगी की जा चुकी है। मामले में आगे की जांच जारी है।








