
लखनऊ। राजधानी में ठगी का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां दो लोगों ने खुद को मुख्यमंत्री का सचिव बताकर एक युवक से करीब 3 लाख रुपए ठग लिए। मामला सामने आने के बाद शिकायत IGRS पोर्टल पर दर्ज कराई गई, जिस पर शासन स्तर से जांच के आदेश दिए गए हैं।
पीड़ित राकेश कुमार यादव के अनुसार, आरोपियों अशोक कुमार मिश्रा और विजेंद्र प्रताप सिंह ने खुद को मुख्यमंत्री कार्यालय से जुड़ा बताते हुए भरोसे में लिया। उन्होंने कानपुर मेडिकल कॉलेज में टेंडर दिलाने का झांसा दिया।
नकद और ऑनलाइन दोनों से वसूले पैसे
पीड़ित ने आरोप लगाया कि आरोपियों ने उससे अलग-अलग किस्तों में 2 लाख रुपए नकद और 99,999 रुपए गूगल-पे के जरिए ले लिए। पैसे लेने के बाद आरोपी लगातार बहाने बनाते रहे और टेंडर नहीं दिलाया।
पैसे मांगने पर दी धमकी
करीब तीन महीने बीत जाने के बाद जब पीड़ित ने पैसे वापस मांगे तो आरोपियों ने उसे धमकाया। उन्होंने कहा कि ज्यादा दबाव बनाने पर मुख्यमंत्री कार्यालय से फोन कराकर जेल भिजवा देंगे।
पुलिस आयुक्त को जांच के आदेश
शिकायत पर संज्ञान लेते हुए अपर मुख्य सचिव स्तर से लखनऊ पुलिस आयुक्त को मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।






