किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) में सपेरा समाज ने गुरुवार को बीन बजाकर विरोध प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में अखिल भारतीय सपेरा महासभा के सदस्य गेट नंबर 2 के बाहर जमा हुए और बीन बजाना शुरू कर दिया। विरोध प्रदर्शन के दौरान मौके पर आए अन्य लोग भी शामिल हो गए।
KGMU प्रशासन और पुलिस ने स्थिति को नियंत्रण में लाने के लिए तुरंत कार्रवाई की और प्रदर्शनकारियों को समझा-बुझाकर शांत कराया।
प्रदर्शन का कारण
सपेरा महासभा के अध्यक्ष श्रीपत नाथ सपेरा का आरोप है कि KGMU में बांग्लादेशियों और रोहिंग्यों को संविदा पर नौकरी दी जा रही है, जबकि सपेरा समाज के स्थानीय युवाओं को नौकरी नहीं मिल रही। उनके अनुसार, समाज के युवा उच्च शिक्षा हासिल करने के बावजूद बेरोजगार हैं और भीख मांगने के लिए मजबूर हैं।
श्रीपत नाथ ने कहा कि विश्वविद्यालय प्रशासन, विशेषकर कुलपति कार्यालय के सैयद अब्बास और पर्यावरण सेल के डॉ. परवेज, उनके अधिकारों का हनन कर रहे हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि अधिकारों का दमन जारी रहा तो व्यापक आंदोलन किया जाएगा।
प्रदर्शन की विशेष बातें
- प्रदर्शन में शामिल लोगों ने छिपे सपोलों को बाहर निकालने के लिए बीन बजाई।
- उन्होंने कहा कि KGMU प्रशासन ने सेवायोजन पोर्टल के माध्यम से नियुक्तियां की हैं, लेकिन समाज के युवा कंप्यूटर चलाना नहीं जानते।
- प्रदर्शनकारियों के पास कोई आधिकारिक मांगपत्र या रजिस्टर्ड संगठन नहीं था।
KGMU के प्रवक्ता डॉ. केके सिंह ने बताया कि प्रदर्शन से मरीजों और एम्बुलेंस सेवाओं को परेशानी हुई। उन्होंने कहा कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।








