
अंबेडकरनगर। कोतवाली अकबरपुर क्षेत्र के अमरौला गांव में दबंगों द्वारा एक बार फिर सार्वजनिक खड़ंजा मार्ग पर अवैध कब्जा कर उसे खेत में मिलाने का मामला सामने आया है। ग्रामीणों द्वारा कई बार शिकायत के बावजूद भी रास्ते पर कब्जा थमने का नाम नहीं ले रहा है। अब गांव के लोगों ने जिलाधिकारी से हस्तक्षेप कर दबंगों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।
प्रशासन ने कराया था रास्ता बहाल, लेकिन फिर जोता गया
ग्राम अमरौला के मुख्य आबादी को जोड़ने वाला खड़ंजा मार्ग कुछ समय पहले विपक्षीगण द्वारा जेसीबी से खोदकर अपने खेत में मिला लिया गया था। ग्रामीणों की शिकायत पर 13 मई 2025 को उपजिलाधिकारी अकबरपुर की टीम, राजस्वकर्मियों और नगर पालिका की देखरेख में मिट्टी डालकर रास्ते को फिर से बहाल किया गया था।
लेकिन ग्राम निवासी सुरेंद्र चौहान, नरेंद्र चौहान पुत्रगण रामतेज, रामतेज पुत्र रामलखन, धमना देवी, बबलू व राजन द्वारा 30 जून 2025 को सुबह 9:30 बजे पुनः ट्रैक्टर से जुताई कर रास्ते के 4 फीट हिस्से को अपने खेत में मिला लिया गया।
4 जुलाई को फिर कब्जा, ग्रामीणों को दी जान से मारने की धमकी
स्थानीय निवासी लालचंद्र चौहान द्वारा पुनः जिलाधिकारी और थाने को शिकायत पत्र सौंपा गया, लेकिन 4 जुलाई को सुबह 7 बजे विपक्षीगण ने फिर से जुताई कर दो फीट रास्ता खेत में मिला लिया। मना करने पर दबंगों ने ग्रामीणों को जान से मारने की धमकी दी और गालियां दीं।
ग्रामीण मंजू, मीरा, आग्या राम, संगम और विशाल चौहान ने बताया कि विपक्षीगण बार-बार सार्वजनिक रास्ते को जोतकर कब्जा कर रहे हैं। पूरे गांव के लोग इस रास्ते से आवागमन करते हैं लेकिन अब रास्ता बंद हो जाने से उन्हें खेतों की मेड़ और कीचड़ से होकर निकलना पड़ रहा है।








