
खगड़िया/बेगूसराय। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने रविवार (2 नवंबर) को खगड़िया में चुनावी रैली को संबोधित करते हुए केंद्र की भाजपा सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तीखे आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि बिहार की सरकार “दिल्ली से मोदी जी के ऑर्डर पर चल रही है” और मोदी के पास अडाणी-अंबानी जैसे उद्योगपतियों के लिए जगहें हैं, जबकि आम लोगों के लिए सरकार के पास जमीन नहीं है।
बयान — डेटा, सोशल मीडिया और बड़े उद्योगपति
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया और डेटा पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री कहते हैं “फेसबुक चलाइए, इंस्टाग्राम चलाइए” ताकि लोग अन्य मुद्दों पर ध्यान न दें। उनका आरोप था कि जो डेटा इस्तेमाल के पैसे हैं, वे अडाणी और अंबानी को दिए जा रहे हैं।
उन्होंने चुनावी नारे के साथ जनता से अपील की कि बूथ पर जाकर वोटिंग की निगरानी करें ताकि वोट चोरी न हो और महागठबंधन के उम्मीदवारों को जिताएं।
बेगूसराय में मछली पकड़ने का नज़ारा
खगड़िया से पहले राहुल गांधी ने बेगूसराय में भी रैली की। सभा के बाद वे कांग्रेस के वीआईपी नेता मुकेश सहनी के साथ लगभग 3 किलोमीटर दूर तालाब में मछली पकड़ने गए। राहुल ने मछुआरों के साथ मिलकर जाल से मछलियां पकड़ीं और नाव से तालाब में छलांग भी लगाई। इस दौरान कांग्रेस नेता कन्हैया, बेगूसराय सदर की प्रत्याशी अमिता भूषण भी मौजूद रहीं।
प्रधानमंत्री पर तीखे शब्द — “56 इंच की छाती वाला डरपोक”
जनसभा में राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री मोदी पर व्यंग्यात्मक हमला किया। उन्होंने कहा, “56 इंच की छाती वाला डरपोक है। गांधी जी की छाती बड़ी नहीं थी, लेकिन वह किसी से नहीं डरते थे। इंदिरा भी किसी से नहीं डरती थीं।”
राहुल ने दावा किया कि मोदी अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति Донाल्ड ट्रम्प से डरते हैं और कहा कि इंदिरा गांधी ने अमेरिका को चुप कराया था, जबकि आज मोदी चुप रहते हैं। उन्होंने यह चुनौती भी दी कि मोदी बिहार आकर ट्रम्प के कथनों का सामना करें।
अडाणी-अंबानी के प्रभाव का आरोप
राहुल ने आगे कहा कि मोदी केवल विदेशों से नहीं, बल्कि देश के बड़े उद्योगपतियों अडाणी और अंबानी से भी डरते हैं और चुनाव के बाद इनका वर्चस्व और मांगें बढ़ जाएंगी। उन्होंने प्रसंगवश कहा कि चुनाव के दिन जो भी कहा जाएगा, वह (मोदी) चुनाव के बाद वही कर देंगे।








