
- प्रियंका गांधी बोलीं—लोकसभा में जो हुआ, लोकतंत्र की बड़ी जीत
- सरकार पर लगाया परिसीमन और महिला आरक्षण के जरिए सत्ता में बने रहने का आरोप
- किरण रिजिजू ने कहा—महिलाओं के साथ हुआ नुकसान
लोकसभा में सीट बढ़ाने और महिला आरक्षण से जुड़े प्रस्तावित बिल के गिरने के बाद सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। प्रियंका गांधी ने शनिवार को इसे लोकतंत्र की बड़ी जीत बताते हुए केंद्र सरकार पर गंभीर आरोप लगाए।
प्रियंका गांधी ने कहा कि सरकार परिसीमन और महिला आरक्षण के जरिए सत्ता में बने रहने की साजिश कर रही थी। उन्होंने कहा, “मैं बहुत खुश हूं कि लोकसभा में सीटें बढ़ाने के लिए लाया गया बिल गिर गया। सत्ता पक्ष हमें महिला विरोधी बताकर खुद को मसीहा नहीं बना सकता।”
उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रधानमंत्री के भाषण पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि उनकी बातें चौंकाने वाली थीं और इससे सरकार की मंशा पर संदेह होता है। प्रियंका के मुताबिक, यह पूरा मामला महिलाओं के हित से ज्यादा राजनीतिक लाभ से जुड़ा था।
उधर, केंद्रीय मंत्री किरण रिजिजू ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि इस बिल का पास न होना देश की महिलाओं के लिए नुकसान है। उन्होंने कहा कि महिलाओं को शासन में भागीदारी देने की कोशिश नाकाम रही, जो दुर्भाग्यपूर्ण है।
रिजिजू ने इसे कांग्रेस की विफलता बताते हुए कहा कि इस घटना से पार्टी पर महिला विरोधी होने का “काला धब्बा” लग गया है।
फिलहाल इस मुद्दे पर सियासी घमासान जारी है और आने वाले समय में यह बहस और तेज होने के संकेत हैं।









