
देश : देश की राजनीति में एक बार फिर RSS को लेकर बयानबाजी तेज हो गई है। कांग्रेस नेता राहुल गाँधी ने संघ पर तीखा हमला बोलते हुए इसे “फर्जी राष्ट्रवाद” से जोड़ दिया है।
‘राष्ट्रीय सरेंडर संघ’ कहकर साधा निशाना
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए RSS को “राष्ट्रीय सरेंडर संघ” करार दिया। उन्होंने कहा कि नागपुर में राष्ट्रवाद की बात और विदेश में अलग रुख अपनाना संघ का दोहरा चेहरा दिखाता है।
राम माधव के बयान से शुरू हुआ विवाद
यह पूरा विवाद Ram Madhav के अमेरिका में दिए गए बयान के बाद शुरू हुआ। वाशिंगटन डीसी में आयोजित ‘न्यू इंडिया कॉन्फ्रेंस’ में उन्होंने भारत की ऊर्जा और व्यापार नीतियों को लेकर टिप्पणी की थी, जिससे राजनीतिक हलचल बढ़ गई।
बयान पर माफी और सफाई
विवाद बढ़ने के बाद राम माधव ने अपने बयान पर सफाई देते हुए कहा कि उनके कुछ तथ्यात्मक बयान गलत थे। उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत ने रूस से तेल आयात रोकने या 50% टैरिफ स्वीकार करने जैसी कोई सहमति नहीं दी थी और इसके लिए उन्होंने खेद भी जताया।
सियासी टकराव तेज
इस पूरे मुद्दे पर कांग्रेस और भाजपा-समर्थित संगठनों के बीच बयानबाजी तेज हो गई है। राहुल गांधी के हमले के बाद यह मामला राजनीतिक बहस का बड़ा विषय बन गया है।
आगे क्या?
विशेषज्ञों का मानना है कि आगामी चुनावी माहौल में ऐसे बयान राजनीतिक ध्रुवीकरण को और बढ़ा सकते हैं। फिलहाल, इस विवाद ने एक बार फिर RSS और कांग्रेस के बीच वैचारिक टकराव को उजागर कर दिया है।









