
- लखनपुर तक ही ट्रेस हो सके बदमाश
- CCTV फुटेज से भी नहीं मिला आगे सुराग
- तीन रास्तों में उलझी पुलिस की जांच
आगरा। शहर के प्रतिष्ठित ज्वेलर योगेंद्र चौधरी की हत्या को लेकर पुलिस की जांच 30 घंटे बाद भी किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंच सकी है। पुलिस ने घटना के 24 घंटे में 500 CCTV फुटेज खंगाले, लेकिन आरोपियों का सुराग केवल शास्त्रीपुरम के लखनपुर गांव तक ही मिल पाया। इसके आगे तीन रास्तों के होने की वजह से बदमाशों का पता नहीं चल पाया है।
तीन अलग-अलग दिशाओं में जाने वाले रास्तों में पहला फतेहपुर सीकरी होते हुए जयपुर, दूसरा मथुरा-वृंदावन और तीसरा दिल्ली हाईवे की ओर जाता है, जिससे पुलिस की पड़ताल भटक गई।
हत्या के पीछे की वारदात और परिवार की पीड़ा
दैनिक भास्कर की टीम जब रामा एन्क्लेव पहुंची, तो ज्वेलर योगेंद्र चौधरी (57) के घर के बाहर लोगों की भीड़ और आक्रोश साफ दिख रहा था। व्यापारियों की सुरक्षा, खुलेआम अपराध और पुलिस की निष्क्रियता को लेकर गुस्सा था।
योगेंद्र के छोटे बेटे सागर चौधरी ने बताया कि हत्यारों ने 20 लाख से ज्यादा की ज्वेलरी लूटी है और उनके पिता के हाथों में जो तीन सोने की अंगूठियां थीं, वे भी गायब हैं। उन्हें शक है कि ये अंगूठियां या तो पोस्टमॉर्टम से पहले निकाली गईं या फिर पोस्टमॉर्टम के दौरान चोरी की गईं।
छोटे से सफर में बना बड़ा सर्राफा
सागर ने बताया कि उनके पिता 30 साल पहले न्यू आगरा में एक ज्वेलरी शॉप में काम करते थे। फिर छोटी सी दुकान खोली और 20 साल पहले कारगिल चौराहे के पास शिफ्ट हुए। अब उनका शोरूम “बालाजी ज्वेलर्स” फॉर्च्यून टावर में है।
हत्या के दिन नहीं कर पाए सुंदरकांड का पाठ
सागर ने बताया कि उनके पिता हर दिन सुंदरकांड पाठ करते थे और हर महीने दर्शन के लिए जाते थे। लेकिन हत्या वाले दिन शुक्रवार को व्यापारियों की मीटिंग के चलते वे देर से दुकान पहुंचे और पाठ नहीं कर सके। उन्होंने दुकान की चाबी बेटे को दी और थोड़ी देर में दुकान पहुंचे, तभी हमला हुआ।
रेस्टोरेंट बिजनेस भी है परिवार का हिस्सा
बड़े बेटे आशीष ने बताया कि अब वे दोनों भाई रेस्टोरेंट का व्यवसाय संभालते हैं। कारगिल चौराहे के पास दो और रुनकता में एक रेस्टोरेंट चल रहा है।
दुकान से गायब हुए ऑर्डर के डब्बे
स्टाफ रेनू के अनुसार, बदमाश पूरे-पूरे जेवर के डब्बे ले गए हैं, जिनमें ऑर्डर के गहने थे। तकरीबन 200 ग्राम सोना और ढाई से तीन किलो चांदी की चोरी हुई है। बदमाशों ने रेनू को गन पॉइंट पर लेकर उसके हिलने तक की इजाजत नहीं दी।
अंगूठियां गायब, कैश की स्थिति अस्पष्ट
बेटे आशीष के अनुसार, पिता की एक चांदी की अंगूठी मिली, लेकिन सोने की तीन अंगूठियां नहीं मिलीं। जेब में कुछ कैश और सोना था, जो पुलिस ने लौटाया है, लेकिन कैश की सही जानकारी नहीं है।








