- मबन में बाढ़ का कहर, प्रशासन ने स्थिति को नियंत्रण में लाने के लिए शुरू की राहत कार्य
- उमर अब्दुल्ला का रामबन दौरा: सख्त कार्रवाई की चेतावनी, स्थिति सामान्य करने के प्रयास जारी
- जम्मू-श्रीनगर हाईवे पर भारी जलजमाव, यात्रा करने से पहले प्रशासन की सलाह लें
जम्मू-कश्मीर। जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने सोमवार को खराब मौसम के बावजूद सड़क मार्ग से रामबन पहुंचकर बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण किया। उन्होंने क्षेत्रीय प्रशासन की राहत कार्यों की समीक्षा करते हुए लोगों को हर संभव मदद का आश्वासन दिया।
मुख्यमंत्री का सख्त संदेश
रामबन पहुंचने से पहले मीडिया से बात करते हुए उमर अब्दुल्ला ने कहा, “मैं लोगों को भरोसा दिलाता हूं कि किसी चीज की कमी नहीं है। यदि कहीं भी चीजों की कीमतें बढ़ाई जा रही हैं, तो हम सख्त कार्रवाई करेंगे। जरूरत पड़ी तो गिरफ्तारी भी की जाएगी।”
नेशनल हाईवे पर भारी जलजमाव
नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) के प्रोजेक्ट डायरेक्टर पुरुषोत्तम कुमार ने बताया कि जम्मू-श्रीनगर हाईवे (NH-44) पर 12 से ज्यादा स्थानों पर कीचड़ और मलबा जमा हो गया है। कुछ स्थानों पर यह कीचड़ 20 फीट तक पहुंच गया है। उन्हें उम्मीद है कि हाईवे को पुनः खोलने में पांच से छह दिन लग सकते हैं।
सड़क पर फंसे हजारों लोग
हाईवे पर सैकड़ों वाहन, जिनमें हजारों पर्यटक भी शामिल हैं, फंसे हुए हैं। खराब मौसम और फ्लैश फ्लड के कारण रामबन के सभी स्कूल और कॉलेज आज बंद रहे। प्रशासन ने लोगों से यात्रा से बचने की अपील की और उन्हें सुरक्षित स्थानों पर रहने का निर्देश दिया है।








