
लखनऊ। नए साल की शुरुआत लखनऊ के लिए विशेष खुशखबरी लेकर आ रही है। लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) ने अपनी नई चाय आवासीय योजनाओं की लॉन्चिंग की तैयारी शुरू कर दी है। इस परियोजना के तहत लगभग ढाई लाख नए आवास विकसित किए जाएंगे। आवासों की बिक्री लॉटरी सिस्टम के जरिए की जाएगी।
साथ ही, शहर में ग्रीन कॉरिडोर के जरिए ट्रैफिक जाम को कम करने और सफर की गति बढ़ाने की योजना भी तैयार की जा रही है। एलडीए का उद्देश्य आवास, रोजगार और यातायात तीनों क्षेत्रों में संतुलित विकास सुनिश्चित करना है।
वेलनेस सिटी: स्वास्थ्य और जीवनशैली पर विशेष फोकस
सुल्तानपुर रोड पर विकसित होने वाली वेलनेस सिटी का कुल क्षेत्रफल 1197.98 एकड़ होगा। यह योजना बक्कास, मलूकपुर ढकवा, चौरहिया, चौरासी, दुलारमऊ, नूरपुर, बेहटा और मस्तेमऊ गांवों में फैली होगी।
वेलनेस सिटी की खासियत है हेल्थ और वेलनेस पर विशेष ध्यान। यहाँ आधुनिक अस्पताल, वेलनेस सेंटर, योग केंद्र, ग्रीन जोन और स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देने वाली सुविधाएं विकसित की जाएंगी। भविष्य में यह क्षेत्र लखनऊ का प्रमुख हेल्थ हब बनने की संभावना रखता है।
आईटी सिटी: उत्तर भारत का नया टेक्नोलॉजी हब
सुल्तानपुर रोड पर प्रस्तावित आईटी सिटी का क्षेत्रफल 1710.24 एकड़ होगा। योजना सोनई कंजेहरा, सिकंदरपुर अमौलिया, सिद्धपुरास, परहेटा, पहाड़नगर टिकरिया, बक्कास, रकीबाबाद, भटवारा, खुजौली और मोहारी खुर्द गांवों में फैली होगी।
यहां आईटी पार्क, बिजनेस हब और हाई-टेक इन्फ्रास्ट्रक्चर विकसित किए जाएंगे। इस योजना से लखनऊ को आईटी और टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में नई पहचान मिलेगी और युवाओं के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार सृजित होंगे।
वरुण विहार: एक्सप्रेसवे के पास आधुनिक टाउनशिप
आगरा–लखनऊ एक्सप्रेसवे के पास विकसित होने वाली वरुण विहार योजना लगभग 2664 हेक्टेयर क्षेत्र में फैलेगी। इसमें भलिया, आदमपुर इंदंवारा, बहरू, जलियामऊ, मंदारपुर, इब्राहिमगंज, नकटौरा, गहलवारा, तेजकृष्ण खेड़ा, रेवरी और सकरा गांव शामिल हैं।
यह योजना आवासीय, व्यावसायिक और औद्योगिक विकास का समन्वय प्रदान करेगी। बेहतर कनेक्टिविटी के कारण यह क्षेत्र भविष्य में एक बड़ा रियल एस्टेट और बिजनेस हब बनेगा।








