
लखनऊ। बंथरा थाना क्षेत्र में एक विवाहिता मुस्कान गिहार ने अपने पति मोहित और चार ससुरालियों के खिलाफ दहेज उत्पीड़न और जबरन गर्भपात कराने का मामला दर्ज कराया है। यह शिकायत मुख्यमंत्री को भी दी गई थी, जिसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
शादी और दहेज का विवाद
पीड़िता मुस्कान गिहार का विवाह 25 मई 2025 को हरदोई के शाहाबाद निवासी मोहित से हुआ था। विवाह में पीड़िता की मां ने 51 हजार रुपये नकद, कपड़े, पंखा, आलमारी और सोने-चांदी के आभूषण दिए थे। मुस्कान ने आरोप लगाया कि शादी के दूसरे दिन से ही पति मोहित, सास मनीषा, ननद मोनिका और सास की बहन ममता ने कम दहेज का ताना देकर शारीरिक और मानसिक प्रताड़ना शुरू कर दी।
गर्भावस्था और फिर दहेज की मांग
मुस्कान ने बताया कि जैसे ही उन्हें गर्भवती होने की जानकारी मिली, ससुरालियों ने दो लाख रुपये, एक दोपहिया वाहन और घरेलू सामान की मांग की। मांग पूरी न होने पर पीड़िता के साथ मारपीट की गई और उसे घर से निकाल दिया गया। साथ ही, उसे जान से मारने की धमकी भी दी गई।
समझौता और जबरन गर्भपात
मुस्कान ने कहा कि 24 जुलाई 2025 को महिला थाना हजरतगंज में समझौता हुआ था, लेकिन 8 अगस्त 2025 को ससुरालियों ने उसे गर्भपात की दवा खिलाई और चारबाग रेलवे स्टेशन पर छोड़ दिया।
पुलिस जांच जारी
मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद बंथरा पुलिस ने अब इस मामले में एफआईआर दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है।








