- खरीफ सीजन से पहले खाद की उपलब्धता पर प्रशासन ने कसी कमर
- यूरिया और डीएपी का लक्ष्य से अधिक भंडारण सुनिश्चित
- एसएसपी और एमओपी की भी पर्याप्त मात्रा उपलब्ध
अंबेडकरनगर। खरीफ सीजन के आगमन से पहले जिले में किसानों को खाद की कमी न हो, इसके लिए प्रशासन ने अग्रिम तैयारियां शुरू कर दी हैं। जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला के निर्देश पर जिला कृषि अधिकारी ने जानकारी दी है कि जिले में जुलाई माह तक के वितरण लक्ष्यों के सापेक्ष यूरिया, डीएपी, एसएसपी और एमओपी की पर्याप्त आपूर्ति सुनिश्चित हो चुकी है।
लक्ष्य से अधिक उपलब्ध है यूरिया और डीएपी
जुलाई तक के लिए यूरिया का वितरण लक्ष्य 23,926 मीट्रिक टन निर्धारित था, जबकि उपलब्धता 28,010 मीट्रिक टन रही है। यह लक्ष्य का 117.06 प्रतिशत है। इसी प्रकार, डीएपी की उपलब्धता 5,093 मीट्रिक टन है जबकि लक्ष्य 4,709 मीट्रिक टन था, जो कि 108.15 प्रतिशत है।
एनपीके, एसएसपी और एमओपी की स्थिति भी सन्तोषजनक
एनपीके उर्वरक का लक्ष्य 1,670 मीट्रिक टन था, जिसके मुकाबले 1,517 मीट्रिक टन उपलब्ध है। यह लक्ष्य का 90.83 प्रतिशत है। वहीं, एसएसपी की उपलब्धता 14,777 मीट्रिक टन है जबकि लक्ष्य 10,325 मीट्रिक टन निर्धारित था, जो कि 143.92 प्रतिशत है। एमओपी उर्वरक का लक्ष्य 280 मीट्रिक टन था, जिसके सापेक्ष 347 मीट्रिक टन उपलब्ध है, यानी 123.92 प्रतिशत।
वर्तमान में सहकारिता क्षेत्र में 3,125 मीट्रिक टन यूरिया, 1,005 मीट्रिक टन डीएपी, 361 मीट्रिक टन एनपीके उपलब्ध है।वहीं निजी क्षेत्र में 15,550 मीट्रिक टन यूरिया, 916 मीट्रिक टन डीएपी, 542 मीट्रिक टन एनपीके,11,059 मीट्रिक टन एसएसपी, 199 मीट्रिक टन एमओपी उपलब्ध है।








