
- रामनगर ब्लॉक की ग्राम सभा में मनरेगा घोटाले का खुलासा
- स्टूडियो में ली गईं तस्वीरों से मस्टर रोल में फर्जी हाजिरी
- ग्राम प्रधान व रोजगार सेवक की भूमिका संदिग्ध
अंबेडकरनगर। रामनगर विकासखंड की ग्राम सभा धरमपुर करमाइतिपुर में मनरेगा योजना के अंतर्गत बड़े फर्जीवाड़े का मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार, 20 जुलाई 2025 से लगातार मस्टर रोल पर श्रमिकों की फर्जी हाजिरी दर्ज की जा रही है। रोजगार सेवक द्वारा श्रमिकों के नाम पर स्टूडियो में खिंचवाई गई तस्वीरों के माध्यम से उपस्थिति दर्शाई गई है।
स्टूडियो की तस्वीरों ने खोली पोल
मनरेगा पोर्टल पर अपलोड की गईं कई तस्वीरें संदेहास्पद पाई गई हैं। इनमें कुछ चित्र ऐसे हैं, जिनमें श्रमिक कार्यस्थल के बजाय किसी कमरे अथवा स्टूडियो में खड़े नजर आ रहे हैं। तस्वीरों में कुछ हिस्सों में साफ़तौर पर फर्श या दीवारें दिखाई दे रही हैं, जो साइट पर कार्य के दौरान संभव नहीं हो सकता। इन तस्वीरों के आधार पर फर्जी हाजिरी दर्ज कर सरकारी धन का दुरुपयोग किया गया है।
प्रधान और रोजगार सेवक की भूमिका संदिग्ध
ग्राम प्रधान तथा रोजगार सेवक की भूमिका पर सवाल खड़े हो गए हैं। आरोप है कि ग्राम प्रधान की जानकारी में ही यह सारा फर्जीवाड़ा चल रहा था। फर्जी मस्टर रोल बनाकर बड़ी धनराशि के गबन की आशंका जताई जा रही है।
विकासखंड स्तर के अधिकारियों पर भी उठे सवाल
इस घोटाले की जानकारी सामने आने के बाद डीसी मनरेगा, एपीओ मनरेगा, खंड विकास अधिकारी एवं ग्राम पंचायत सचिव की भूमिका भी संदेह के घेरे में है। ग्रामीणों का आरोप है कि संबंधित अधिकारियों की मौन स्वीकृति या मिलीभगत के बिना इतने बड़े पैमाने पर यह घोटाला संभव नहीं हो सकता था।








