लखनऊ। सहारा समूह के कर्मचारी आज दूसरे दिन भी धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं। सहारा सिटी के मुख्य गेट पर खड़े होकर कर्मचारी मैनेजमेंट के खिलाफ नारेबाजी कर रहे हैं। कर्मचारियों का कहना है कि कोई उनकी सुनवाई नहीं कर रहा है। इस बीच, सहारा समूह के मैनेजमेंट ने कर्मचारियों से मिलने का आश्वासन दिया है।
कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि समूह के प्रमुख सुब्रत रॉय की पत्नी स्वप्ना रॉय समेत अन्य परिवारजन परिसर से भाग गए हैं और परिसर का सामान, भैंस, गाय सहित अन्य सामग्री ट्रकों में भरकर बाहर भेजी जा रही है। कर्मचारी कहते हैं कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, प्रदर्शन जारी रहेगा।
धरना-प्रदर्शन में हाउसिंग, मेंटीनेंस, सिक्योरिटी, इलेक्ट्रिक, एचआर समेत अन्य विभाग के कर्मचारी शामिल हैं। कर्मचारियों ने परिसर की बिजली-पानी बंद कर दिया है और गेट से किसी को अंदर आने की अनुमति नहीं दे रहे। उनका कहना है कि मैनेजमेंट पूरी तरह परिसर से बाहर चला गया है, केवल कर्मचारी ही मौजूद हैं।
कर्मचारियों ने आर्थिक कठिनाइयों का भी खुलासा किया। हरीश राम ने कहा, “हम किराए के मकानों में रहते हैं और सैलरी न मिलने की वजह से किराया भी नहीं चुका पा रहे। परिवार का खर्च उठाना मुश्किल हो गया है।” श्याम सिंह ने कहा, “हम बच्चों को पढ़ा नहीं पा रहे। आर्थिक स्थिति बहुत खराब हो गई है।”
गौरतलब है कि कर्मचारी गुरुवार को ही धरने पर बैठ गए थे। उन्होंने सातों गेटों पर ताला जड़कर वेल्डिंग कर दी थी। बिजली-पानी रोककर किसी को भी परिसर में आने-जाने की अनुमति नहीं दी जा रही है। मौके पर पहुंची पुलिस से कर्मचारियों ने तीखी बहस की और जोर देकर कहा कि उनका बकाया भुगतान किया जाए और सैलरी तत्काल मिले।








