
ढाका। बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना को 17 नवंबर को मानवता के खिलाफ अपराध मामले में सजा सुनाई जानी है। इससे पहले राजधानी ढाका में हाल के दिनों में आगजनी और हिंसा की घटनाओं के बाद सुरक्षा व्यवस्था को कड़ा कर दिया गया है।
हसीना के समर्थकों ने ढाका समेत पांच जिलों में हाईवे जाम कर रखा है। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश (BGB) की 12 अतिरिक्त टुकड़ियां शहर में तैनात की गई हैं, जो लगातार गश्त कर रही हैं। BGB मुख्यालय ने बताया कि राजधानी के प्रमुख इलाकों में पैरामिलिट्री फोर्स की तैनाती बढ़ाई गई है।
पूर्व प्रधानमंत्री के समर्थकों के तेवर तीखे हो गए हैं। उनका दावा है कि हसीना के खिलाफ मामले झूठे हैं और उनकी मांग है कि फरवरी में होने वाले चुनाव की तारीख का ऐलान किया जाए। शुक्रवार को अवामी लीग के कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच झड़पें भी हुईं।
ढाका में शुक्रवार तड़के अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के पास दो बम विस्फोट भी हुए। इसके पहले 13 नवंबर को हसीना के खिलाफ फैसले की तारीख के ऐलान से विरोध में पूरे देश में प्रदर्शन हुए।
इस मामले को लेकर बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) और बांग्लादेश जमात-ए-इस्लामी के कार्यकर्ता भी ढाका के कई इलाकों में सड़कों पर उतर आए और कुछ जगहों पर जुलूस निकाले।
अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायालय (ICT) 17 नवंबर को शेख हसीना के खिलाफ 2024 में छात्र आंदोलन में हिंसा को बढ़ावा देने के आरोप पर फैसला सुनाएगा।








