लखनऊ। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा की मौजूदगी में केजीएमयू का 21वां दीक्षांत समारोह आयोजित हुआ। समारोह में डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक और यूपी बीजेपी के नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी भी शामिल रहे।
समारोह में हुई मुख्य बातें
- डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने पंकज चौधरी से कहा,
“आपकी कृपादृष्टि देश के खजाने पर है, वही कृपा लखनऊ और केजीएमयू पर भी कीजिए।” - पंकज चौधरी ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री और बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा से केजीएमयू को इंस्टीट्यूट ऑफ नेशनल इंपोर्टेंस बनाने की मांग की।
- प्रधानमंत्री मोदी के एडवाइजरी काउंसिल के चेयरपर्सन प्रो. अजय सूद को दीक्षांत समारोह में मानद उपाधि से सम्मानित किया गया।
- समारोह की अध्यक्षता राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ने की।
स्टूडेंट्स और पुरस्कार
- इस वर्ष कुल 2431 स्टूडेंट्स को ऑनलाइन डिग्री दी गई।
- मेधावियों में 48 छात्राओं और 33 छात्रों को मेडल और अवॉर्ड से सम्मानित किया जाएगा।
- पुरस्कारों में 100 गोल्ड मेडल, 7 सिल्वर, 2 बुक प्राइज, 3 कैश प्राइज और 7 सर्टिफिकेट ऑफ ऑनर शामिल हैं।
केजीएमयू की विशेषताएं और डेटा
- वाइस चांसलर डॉ. सोनिया नित्यानंद ने बताया कि केजीएमयू में 62 विभाग हैं, जिनमें 53 मेडिकल और 9 डेंटल विभाग शामिल हैं।
- यहाँ 540 UG और 677 PG सीटें हैं और कुल 4250 बेड्स उपलब्ध हैं।
- रोजाना 8-10 हजार मरीज OPD में आते हैं और 500 मरीज ट्रॉमा सेंटर में आते हैं।
- 2024 में ऑर्गन ट्रांसप्लांट में कुल 18,900 ट्रांसप्लांट किए गए।
- केजीएमयू को एशिया का सबसे बड़ा हॉस्पिटल माना जाता है।
स्वागत और तैयारियां
- समारोह में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री और यूपी स्वास्थ्य मंत्री के स्वागत में केजीएमयू परिसर को पोस्टर, बैनर और होर्डिंग से सजाया गया।
यह समारोह न केवल स्टूडेंट्स के लिए गर्व का मौका था, बल्कि केजीएमयू की उपलब्धियों और राष्ट्रीय महत्व को भी उजागर करता है।








