
पीड़िता को 24 घंटे पुलिस सुरक्षा
विशाखा कमेटी की रिपोर्ट पर हुई कार्रवाई
अगली जांच प्रक्रिया जारी
लखनऊ। किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) में एक महिला डॉक्टर से कथित तौर पर शादी के लिए धर्म परिवर्तन का दबाव बनाने के मामले में विश्वविद्यालय प्रशासन ने कड़ी कार्रवाई की है। आरोपी रेजिडेंट डॉक्टर को मंगलवार को निलंबित कर दिया गया है और उसके परिसर में प्रवेश पर भी रोक लगा दी गई है। मामले में एफआईआर दर्ज कर ली गई है।
इस पूरे प्रकरण को लेकर सोमवार देर शाम मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पीड़ित महिला डॉक्टर से फोन पर बातचीत की। उन्होंने पूरे मामले की जानकारी ली और निष्पक्ष जांच का भरोसा दिलाया। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि दोषी पाए जाने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। इसके बाद योगी सरकार ने KGMU प्रशासन से पूरे मामले की विस्तृत रिपोर्ट तलब की है।
पीड़ित महिला डॉक्टर की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए 24 घंटे पुलिस सुरक्षा उपलब्ध कराई गई है। वहीं, ‘सेक्सुअल हैरेसमेंट ऑफ वुमन एट वर्कप्लेस एक्ट’ के तहत गठित विशाखा कमेटी ने अपनी जांच रिपोर्ट KGMU प्रशासन को सौंप दी है। इसी रिपोर्ट के आधार पर आरोपी डॉक्टर को निलंबित किया गया।
पीड़ित डॉक्टर KGMU से एमडी पैथोलॉजी की पढ़ाई कर रही हैं, जबकि आरोपी डॉक्टर रमीजुद्दीन नायक उसी विभाग में सीनियर रेजिडेंट डॉक्टर है और एमडी पैथोलॉजी के तीसरे वर्ष में अध्ययनरत है। आरोपी उत्तराखंड का निवासी है, जबकि पीड़िता पश्चिम बंगाल की रहने वाली बताई जा रही है। प्रारंभिक जांच में आरोपी के खिलाफ ठोस साक्ष्य मिलने की बात सामने आई है।








