
जलालपुर (अम्बेडकरनगर)। विश्वविद्यालय अनुदान आयोग द्वारा लागू किए गए नए नियमों के खिलाफ जलालपुर में प्रशासन को ज्ञापन सौंपा गया। उपजिलाधिकारी को दिए गए इस ज्ञापन के माध्यम से यूजीसी के नए प्रावधानों से उत्पन्न होने वाली समस्याओं को रेखांकित किया गया और संबंधित बिल को वापस लिए जाने की मांग की गई।
नेतृत्व में सौंपा गया ज्ञापन
यह ज्ञापन संत प्रसाद पांडे के नेतृत्व में तथा अतेंद्र त्रिपाठी के संयोजन में दिया गया। ज्ञापन सौंपने वालों ने कहा कि यूजीसी के नए नियमों के चलते छात्रों, शिक्षकों और शैक्षणिक संस्थानों को कई तरह की व्यावहारिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इससे उच्च शिक्षा व्यवस्था पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका जताई गई।
शैक्षणिक व्यवस्था पर असर का मुद्दा उठाया
ज्ञापन में उल्लेख किया गया कि नए नियमों से शिक्षण प्रक्रिया, नियुक्तियों और अकादमिक ढांचे में असंतुलन की स्थिति उत्पन्न हो सकती है। साथ ही यह भी कहा गया कि बिना पर्याप्त संवाद और जमीनी स्थितियों को समझे नियम लागू किए जाने से शैक्षणिक संस्थानों की कार्यप्रणाली प्रभावित हो रही है।
दर्जनों लोगों ने जताया समर्थन
ज्ञापन पर अधिवक्ता महेंद्र सिंह, अधिवक्ता सत्य प्रकाश मिश्रा, आशुतोष श्रीवास्तव, विमलेश दुबे, ब्रह्म प्रकाश तिवारी, मंजुल, जीवन प्रकाश, हरि मोहन चतुर्वेदी सहित दर्जनों लोगों ने हस्ताक्षर कर समर्थन दर्ज कराया। सभी ने एक स्वर में नए नियमों पर पुनर्विचार की मांग की।









