होर्मुज स्ट्रेट में बढ़ते तनाव के कारण वैश्विक तेल सप्लाई पर बड़ा असर पड़ रहा है। Iran और United States के बीच जारी तनाव ने मध्य-पूर्व के तेल कारोबार को मुश्किल में डाल दिया है। इसी बीच Iraq ने भारत समेत अपने बड़े ग्राहकों को भारी छूट पर कच्चा तेल बेचने का प्रस्ताव दिया है।
इराक की सरकारी तेल कंपनी ने बसरा मीडियम क्रूड पर 33.40 डॉलर प्रति बैरल तक की छूट देने की घोषणा की है। वहीं बसरा हेवी क्रूड भी आधिकारिक कीमत से करीब 30 डॉलर प्रति बैरल कम दर पर ऑफर किया जा रहा है। हालांकि इस ऑफर के साथ एक बड़ी शर्त भी जुड़ी है। तेल खरीदने वाले जहाजों को फारस की खाड़ी के अंदर स्थित टर्मिनलों से ही लोडिंग करनी होगी, जिसके लिए उन्हें खतरनाक होर्मुज स्ट्रेट से गुजरना पड़ेगा।
विशेषज्ञों का कहना है कि फरवरी के बाद से इस समुद्री मार्ग पर सुरक्षा जोखिम काफी बढ़ गए हैं। कई शिपिंग कंपनियां इस रूट पर जहाज भेजने से बच रही हैं। जहाजों की ट्रैकिंग रिपोर्ट के मुताबिक अप्रैल में बसरा बंदरगाह से केवल दो टैंकरों ने तेल लोड किया, जबकि सामान्य परिस्थितियों में यहां से हर महीने लगभग 80 टैंकर रवाना होते हैं।
भारत लंबे समय से इराक से बड़ी मात्रा में कच्चा तेल खरीदता रहा है। 2024 में भारत ने इराक से करीब 29 अरब डॉलर का तेल आयात किया था। हालांकि होर्मुज संकट के बाद इराक से तेल आयात में भारी गिरावट दर्ज की गई है।









