
मुर्शिदाबाद, मालदा, हुगली और नॉर्थ 24 परगना में भड़की हिंसा, कई वाहन फूंके
तीन की मौत, 150 से अधिक गिरफ्तार, 15 पुलिसकर्मी घायल
केंद्र सरकार ने 1600 जवान तैनात किए, इंटरनेट सेवाएं बंद, धारा 144 लागू
मुर्शिदाबाद। शनिवार को वक्फ कानून के विरोध में पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद, नॉर्थ 24 परगना, हुगली और मालदा जिलों में बड़े पैमाने पर हिंसक प्रदर्शन हुए। प्रदर्शनकारियों ने वाहनों को आग लगा दी और कई दुकानों व घरों में लूटपाट व तोड़फोड़ की। अब तक तीन लोगों की मौत हो चुकी है और 15 पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। पुलिस ने 150 लोगों को गिरफ्तार किया है।
केंद्र सरकार की सख्ती, 1600 जवान तैनात
केंद्र सरकार ने हालात को काबू में लाने के लिए 1600 जवानों को तैनात किया है, जिनमें करीब 300 BSF जवान शामिल हैं। कुल 21 कंपनियां तैनात की गई हैं। हिंसा प्रभावित क्षेत्रों में इंटरनेट सेवा बंद कर दी गई है और धारा 144 लागू है। राज्य में 10 अप्रैल से ही वक्फ कानून के खिलाफ विरोध प्रदर्शन जारी हैं।
यूसुफ पठान की चाय वाली पोस्ट पर मचा बवाल
TMC सांसद और पूर्व क्रिकेटर यूसुफ पठान की चाय पीते हुए एक पोस्ट सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है, जिस पर विवाद गहराता जा रहा है। BJP प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि जब बंगाल जल रहा है, तब सांसद चाय की चुस्की लेते हुए चुप हैं।
AIMIM और मुस्लिम संगठनों की प्रतिक्रिया
AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने वक्फ कानून को असंवैधानिक बताया और आरोप लगाया कि केंद्र सरकार वक्फ बोर्ड पर कब्जा करना चाहती है। दिल्ली में जमीयत उलेमा-ए-हिंद की कार्यकारी समिति ने कानून के विरोध में बैठक शुरू कर दी है।
सुवेंदु अधिकारी ने NIA जांच की मांग की
पश्चिम बंगाल के नेता विपक्ष सुवेंदु अधिकारी ने कलकत्ता हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की, जिसमें NIA जांच और केंद्रीय बलों की तैनाती की मांग की गई थी। हाईकोर्ट की जस्टिस सौमेन सेन की बेंच ने हिंसा पर चिंता जताते हुए केंद्र को सुरक्षा बल तैनात करने के निर्देश दिए।
केंद्रीय गृह सचिव ने राज्य प्रशासन से की बातचीत
केंद्रीय गृह सचिव गोविंद मोहन ने राज्य के मुख्य सचिव और डीजीपी से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कर हालात की जानकारी ली और जल्द हालात सामान्य करने के लिए निर्देश दिए। ADG जावेद शमीम ने बताया कि पुलिस ने फायरिंग नहीं की, BSF की ओर से गोली चलने की संभावना है।








