- 100 अतिक्रमणकारियों पर FIR, चार पुलिसकर्मी निलंबित
- दोबारा अतिक्रमण पर लगेगा गुंडा एक्ट, भेजा जाएगा जेल
- हर 100 मीटर पर पुलिसकर्मी, एसीपी करेंगे निगरानी
काशी। काशी विश्वनाथ मंदिर परिक्षेत्र को अतिक्रमण मुक्त बनाने के लिए प्रशासन और पुलिस ने सख्त रुख अपना लिया है। पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल के निर्देश पर गुरुवार को मैदागिन, बुलानाला, नीचीबाग, चौक, बांसफाटक, गोदौलिया से लेकर दशाश्वमेध तक बड़े पैमाने पर अभियान चलाया गया। बीते 24 घंटे में 100 से अधिक अतिक्रमणकारियों के खिलाफ केस दर्ज किए गए, जबकि लापरवाही बरतने पर चार पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया।
जब्त किए गए सामान, दोबारा अतिक्रमण पर गुंडा एक्ट
कार्रवाई के दौरान दुकानों के बाहर रखे गए सामान को जब्त किया गया। सीपी मोहित अग्रवाल ने साफ किया कि यदि कोई दुकानदार दोबारा अतिक्रमण करता है, तो उस पर गुंडा एक्ट और गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया जाएगा।
सीपी ने चेतावनी दी कि अब सिर्फ दुकानदारों पर नहीं, बल्कि ड्यूटी में लापरवाही बरतने वाले पुलिसकर्मियों पर भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी। अतिक्रमण हटाने की जिम्मेदारी जिन पुलिसकर्मियों को सौंपी गई है, वे यदि गंभीरता नहीं दिखाएंगे तो उन्हें तत्काल सस्पेंड किया जाएगा।
हर 100 मीटर पर सिपाही, 500 मीटर की निगरानी एसआई को
अतिक्रमण पर प्रभावी नियंत्रण के लिए पूरे क्षेत्र को सेक्टरों में बांटा गया है। हर 100 मीटर पर एक सिपाही और 500 मीटर की निगरानी एक सब इंस्पेक्टर को सौंपी गई है। इसके अलावा थानेदार और एसीपी भी क्षेत्र में लगातार निगरानी करेंगे ताकि अभियान केवल कागजों पर न रहे, बल्कि जमीन पर दिखाई दे।
सावन को लेकर पुख्ता तैयारी
पुलिस कमिश्नर ने बताया कि सावन मास में लाखों श्रद्धालु काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन के लिए आएंगे। ऐसे में मंदिर परिक्षेत्र को अतिक्रमण मुक्त बनाकर श्रद्धालुओं को सुगम दर्शन सुनिश्चित कराना प्रशासन की प्राथमिकता है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी स्थिति में अब अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जरूरत पड़ी तो दोषियों को छह महीने के लिए जेल भेजा जाएगा।








