
- क्राइम ब्रांच इंस्पेक्टर अश्विनी चतुर्वेदी का स्विमिंग पूल में डूबकर निधन
- SDRF की टीम ने दो घंटे बाद निकाली बॉडी
- इंस्पेक्टर पिछले साल चिनहट थाना में कस्टडी मौत मामले के बाद सस्पेंड थे
लखनऊ। क्राइम ब्रांच में तैनात इंस्पेक्टर अश्विनी चतुर्वेदी की स्विमिंग पूल में डूबने से मौत हो गई। घटना की सूचना दोपहर 12 बजे महानगर थाना को मिली। लगभग दो घंटे की खोजबीन के बाद SDRF की टीम ने उनकी बॉडी पूल से बाहर निकाली और पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दी।
घटना की जानकारी और घटनाक्रम
सूचना मिलने पर मौके पर पुलिस कमिश्नर समेत अन्य अधिकारी पहुंचे। डीसीपी सेंट्रल आशीष श्रीवास्तव ने बताया कि सुबह करीब 8 बजे इंस्पेक्टर अश्विनी चतुर्वेदी स्विमिंग ड्रेस में पूल में नहाने गए थे, लेकिन समय पर बाहर नहीं आए। उनके परिवार और कर्मचारियों ने खोजबीन शुरू की, जिसके बाद SDRF की टीम को बुलाया गया।
स्विमिंग पूल के कर्मचारियों के अनुसार, रोजाना दो घंटे का स्लॉट बुक होता है। अश्विनी चतुर्वेदी का स्लॉट सुबह 6 से 8 बजे तक था और उनका साइन रजिस्टर में दर्ज था। जब पूल बंद करने का समय आया, तो कर्मचारियों ने अंदर देखा और डूबे हुए इंस्पेक्टर को पाया।
पिछला विवाद: चिनहट थाना कस्टडी मौत मामला
अश्विनी चतुर्वेदी पिछले साल चिनहट थाना प्रभारी थे। अक्टूबर 2025 में पुलिस कस्टडी में व्यापारी मोहित पांडेय की मौत के बाद उन्हें सस्पेंड किया गया था। उस समय मृतक के परिजन और इलाके के लोग लोहिया अस्पताल और मंत्री आवास के बाहर प्रदर्शन कर चुके थे।
राजनीतिक और प्रशासनिक प्रतिक्रिया
बीकेटी से भाजपा विधायक योगेश शुक्ला भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने माना कि पुलिस की गलती हुई और परिजनों को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलने का आश्वासन दिया। मृतक की मां और पत्नी को 1 लाख रुपए का चेक भी सौंपा गया।
अश्विनी चतुर्वेदी का परिवार अंबेडकरनगर का निवासी है और लखनऊ के लेखराज में भतीजों और भांजों के साथ रहते थे।









