- एनटीपीसी टांडा परियोजना के लिए भूमि अधिग्रहण के बाद ध्वस्तीकरण अभियान जारी
- दूसरे दिन सलाहपुर राजौर और हासिमपुर में कई मकान गिराए गए
- पहले दिन 33 मकान ध्वस्त, मंगलवार को डेढ़ दर्जन से अधिक जेसीबी तैनात
अंबेडकरनगर। एनटीपीसी टांडा की दूसरी चरण परियोजना के लिए अंबेडकरनगर जिले में भूमि अधिग्रहण के बाद चल रहे ध्वस्तीकरण अभियान ने मंगलवार को भी रफ्तार बनाए रखी। जिला प्रशासन द्वारा सलाहपुर राजौर, हासिमपुर और आसपास के गांवों में जेसीबी मशीनों की मदद से कई मकानों को ध्वस्त किया गया।
इस कार्रवाई के दौरान भारी पुलिस बल तैनात रहा। प्रशासन ने गांवों में किसी बाहरी व्यक्ति की आवाजाही पर पूरी तरह रोक लगाई थी और प्रमुख मार्गों पर बैरिकेडिंग लगाकर वाहनों की सघन जांच की गई।
33 मकानों के बाद दूसरे दिन भी चला बुलडोजर
सोमवार को अभियान के पहले दिन हुसैनपुर और हासिमपुर गांवों में कुल 33 मकानों को गिराया गया था। मंगलवार को अभियान को आगे बढ़ाते हुए प्रशासन ने डेढ़ दर्जन से अधिक जेसीबी मशीनों के साथ सलाहपुर राजौर, हासिमपुर और अन्य प्रभावित गांवों में कई और मकानों को जमींदोज किया।
ध्वस्तीकरण से पहले प्रशासन ने घरों को खाली कराने की प्रक्रिया पूरी कर ली थी। घरों से निकाले गए सामान को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की व्यवस्था भी की गई थी।
शांतिपूर्ण रहा दूसरा दिन, एसडीएम ने की पुष्टि
अभियान की निगरानी कर रहे एसडीएम अरविंद त्रिपाठी ने बताया कि दूसरे दिन की कार्रवाई भी पूरी तरह शांतिपूर्वक और व्यवस्थित तरीके से संपन्न हुई। विस्थापित परिवारों को पहले ही सूचित किया जा चुका था और उन्हें वैकल्पिक स्थानों पर भेजने की व्यवस्था प्रशासन द्वारा की गई थी।
उन्होंने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य सिर्फ परियोजना को सुचारू रूप से आगे बढ़ाना है, और इसके लिए सभी प्रक्रियाएं अदालत के आदेशों और शासन की गाइडलाइन के अनुसार की जा रही हैं।








