लखनऊ। किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) में लव जिहाद और धर्मांतरण मामले का आरोपी रेजिडेंट डॉ. रमीजुद्दीन नायक उर्फ रमीज मलिक अब तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। लखनऊ और उत्तराखंड स्थित उसके ठिकानों पर दबिश देने के बावजूद पुलिस खाली हाथ लौट आई।
पुलिस अब सर्विलांस और मुखबिर तंत्र को सक्रिय कर उसके संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दे रही है। साथ ही, उस युवती से भी पूछताछ की जा रही है, जिसका धर्मांतरण कराकर शादी करने की बात सामने आई थी। उसका बयान मामले की जांच में अहम साबित होगा।
डॉ. रमीज के खिलाफ चौक कोतवाली में 24 दिसंबर को FIR दर्ज की गई थी। पुलिस ने आरोपी को नोटिस जारी कर जांच पूरी होने तक शहर न छोड़ने के निर्देश दिए थे, लेकिन वह फरार हो गया।
इसके बाद पुलिस ने मोबाइल सर्विलांस, कॉल डिटेल रिकॉर्ड और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर उसकी लोकेशन ट्रेस करने की कार्रवाई शुरू की है। KGMU प्रशासन ने अपनी आंतरिक जांच रिपोर्ट के बाद आरोपी को निलंबित कर परिसर में प्रवेश पर रोक लगा दी है।






