
अमेरिका : अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते सैन्य तनाव के बीच तेहरान की ओर से कड़ा संदेश सामने आया है। ईरान की संसद की राष्ट्रीय सुरक्षा समिति के उपाध्यक्ष अलाउद्दीन बोरुजेर्दी ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की हालिया चेतावनियों को ‘खोखला’ बताते हुए कहा कि उनका देश लंबे समय तक युद्ध लड़ने के लिए पूरी तरह तैयार है।
“मिसाइल और ड्रोन भंडार पर्याप्त”
बोरुजेर्दी ने दावा किया कि ईरान के पास मिसाइलों और ड्रोन का इतना बड़ा भंडार है, जो कई वर्षों तक चलने वाले संघर्ष के लिए पर्याप्त है। उन्होंने कहा कि ईरानी सेनाएं हर परिस्थिति से निपटने के लिए तैयार हैं और किसी भी दबाव के आगे झुकने वाली नहीं हैं।
ट्रंप को सीधी चेतावनी
ईरानी सांसद ने कहा कि ट्रंप को यह समझ लेना चाहिए कि ईरान पीछे हटने वाला नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि अमेरिका और उसके सहयोगी देशों को उनके “कृत्यों की कीमत चुकानी होगी।” यह बयान ट्रंप की उस टिप्पणी के बाद आया है, जिसमें उन्होंने ईरान को परमाणु मुद्दे पर सख्त चेतावनी दी थी।
कूटनीति और मतभेद
तनाव के बीच ईरान ने यह भी स्वीकार किया कि बातचीत की प्रक्रिया जारी थी। संसद अध्यक्ष मोहम्मद बगेर गालिबाफ के नेतृत्व में वार्ताएं हो रही थीं, लेकिन आंतरिक मतभेदों की खबरों ने इस प्रक्रिया को कमजोर कर दिया है।
अमेरिकी नाकाबंदी पर सवाल
ईरान ने अमेरिकी नौसैनिक घेराबंदी को ‘अवैध’ और ‘असरहीन’ बताया है। बोरुजेर्दी का दावा है कि इस कदम को न तो यूरोपीय देशों और न ही NATO का समर्थन मिला है, जिससे अमेरिका की कूटनीतिक स्थिति कमजोर दिखती है।
होर्मुज जलडमरूमध्य पर पकड़
ईरान ने साफ किया कि होर्मुज जलडमरूमध्य जैसे रणनीतिक मार्ग पर उसका नियंत्रण बना रहेगा। यह क्षेत्र वैश्विक तेल आपूर्ति के लिए बेहद अहम माना जाता है, जिससे तनाव का असर अंतरराष्ट्रीय बाजारों पर भी पड़ सकता है।









