- वॉशरूम से बाल्टी भरकर स्टडी मटेरियल और चिट्स बरामद
- परीक्षा के दौरान कोई छात्र नकल करते नहीं पकड़ा गया
- फ्लाइंग स्क्वॉड की गैरमौजूदगी से निगरानी पर उठे सवाल
लखनऊ। लखनऊ स्थित डॉ. राम मनोहर लोहिया राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय (RMLNLU) एक बार फिर परीक्षा की निगरानी को लेकर सवालों के घेरे में है। हाल ही में हुए सेमेस्टर परीक्षाओं के दौरान वॉशरूम से भारी मात्रा में स्टडी मटेरियल, पर्चियां और चिट्स मिलने से परीक्षा की पारदर्शिता पर गंभीर प्रश्नचिह्न लग गया है। हैरानी की बात यह रही कि इतने साक्ष्य मिलने के बावजूद किसी भी छात्र को नकल करते हुए नहीं पकड़ा गया।
विश्वविद्यालय में शनिवार को दो पालियों में BA-LLB पाठ्यक्रम की परीक्षाएं हुईं। इस दौरान परीक्षा हॉल से वॉशरूम तक जाने वाले छात्रों की बढ़ती संख्या और देर तक लौटने पर संदेह हुआ। इनविजिलेशन कर रहे फैकल्टी सदस्यों ने गार्ड को भेजकर जांच कराई, तो वॉशरूम से एक बाल्टी भर कर स्टडी मटेरियल, चिट और पर्चियां बरामद हुईं।
इस चौंकाने वाली घटना के बावजूद न तो कोई छात्र पकड़ा गया और न ही किसी पर कार्रवाई हुई। जानकारी के मुताबिक, इस परीक्षा में किसी फ्लाइंग स्क्वॉड की तैनाती नहीं की गई थी। इससे पहले कुछ छात्रों को रैगिंग और अन्य मामलों में सस्पेंड किया गया था, जिन्हें कोर्ट से राहत मिल चुकी है। इसके चलते विश्वविद्यालय प्रशासन दबाव में आकर किसी सख्त कार्रवाई से बच रहा है।
कुछ छात्रों द्वारा मोबाइल लेकर परीक्षा हॉल में जाने की कोशिश की खबरें भी सामने आई हैं। हालांकि इनविजिलेटरों के टोकने पर छात्रों ने मोबाइल बाहर रखे या कथित रूप से वॉशरूम में छुपाए। इस पूरे घटनाक्रम की जानकारी विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. अमरपाल सिंह तक भी पहुंची, लेकिन उनकी ओर से अब तक कोई आधिकारिक निर्देश नहीं जारी किए गए हैं।








