अम्बेडकरनगर। अकबरपुर विकास खंड के सैदपुर भितरी स्थित कान्हा गौशाला में व्यवस्थाओं की गंभीर अनदेखी सामने आई है। गौशाला परिसर में मृत गोवंश के शवों को निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार पूरी तरह दफन नहीं किया जा रहा है। कई स्थानों पर शव आधे-अधूरे गड्ढों में पड़े मिले, जिससे आसपास दुर्गंध फैल रही है। शवों के पास आवारा कुत्ते और कौए मंडराते दिखाई दिए, जिससे स्वच्छता और स्वास्थ्य को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं।
ग्रामीणों ने जताई नाराजगी
स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि जिले की अन्य गौशालाओं में इस तरह की स्थिति देखने को नहीं मिलती। सैदपुर भितरी कान्हा गौशाला में मृत पशुओं के निस्तारण को लेकर लापरवाही लगातार बनी हुई है। ग्रामीणों के अनुसार, समय पर और वैज्ञानिक ढंग से निस्तारण न होने से क्षेत्र में संक्रमण फैलने का खतरा बढ़ गया है।
डेढ़ सौ गोवंश मौजूद, चारे की कमी
गौशाला में वर्तमान में लगभग डेढ़ सौ गोवंश रखे गए हैं। निरीक्षण के दौरान यह सामने आया कि पशु भूखे तो नहीं हैं, लेकिन उन्हें उपलब्ध कराया जाने वाला पशु आहार सीमित मात्रा में है। विशेष रूप से हरे चारे की भारी कमी देखी गई। गौशाला परिसर में हरा चारा लगभग न के बराबर मौजूद था, जिससे पशुओं की सेहत पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है।
कमजोर और बीमार हो रहे पशु
हरे चारे की नियमित आपूर्ति न होने के कारण कई गोवंश कमजोर दिखाई दिए। कुछ पशुओं में बीमारी के लक्षण भी देखे गए, जिससे उनकी स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते चारे और उपचार की व्यवस्था नहीं की गई, तो गोवंश की मौतों की संख्या बढ़ सकती है।








