- विद्युत विभाग के अधिकारियों के वेतन रोकने के निर्देश
- समयबद्ध निस्तारण और संतुष्ट फीडबैक बढ़ाने पर जोर
- शिकायतकर्ताओं से सीधे संवाद कर समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश
अंबेडकरनगर। जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला की अध्यक्षता में शनिवार को कलेक्ट्रेट स्थित एनआईसी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कक्ष में आईजीआरएस पोर्टल पर लंबित एवं असंतुष्ट फीडबैक वाले प्रकरणों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) डॉ. सदानंद गुप्ता सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उपस्थित रहे। जिलाधिकारी ने लंबित शिकायतों के गुणवत्तापूर्ण निस्तारण में लापरवाही बरतने वाले विभागों पर कड़ी नाराजगी जताई और संबंधित अधिकारियों को सख्त चेतावनी दी।
खराब निस्तारण से बढ़ा असंतोष प्रतिशत
बैठक में जिलाधिकारी ने कहा कि आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों का संतोषजनक निस्तारण प्रशासन की प्राथमिकता है। अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) ने बताया कि अधिकतर मामलों में असंतुष्ट फीडबैक का कारण गुणवत्तापूर्ण आख्या न लगाना और स्थल निरीक्षण के अभाव में रिपोर्ट अपलोड करना पाया गया है। जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि केवल औपचारिक रिपोर्ट लगाकर निस्तारण की प्रक्रिया पूरी न करें, बल्कि शिकायतकर्ता से स्वयं संपर्क कर वास्तविक समस्या का समाधान सुनिश्चित करें।
जिलाधिकारी ने दिखाई सख्ती
जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने कई विभागों की रिपोर्ट का अवलोकन करते हुए असंतोषजनक निस्तारण पर नाराजगी जताई। उन्होंने संबंधित विभागाध्यक्षों और आईजीआरएस नोडल अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे प्रत्येक शिकायत का निस्तारण स्थल निरीक्षण के बाद करें और फोटो सहित विस्तृत आख्या अपलोड करें। उन्होंने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप जनसामान्य की शिकायतों का निस्तारण शीर्ष प्राथमिकता में होना चाहिए। किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर जिम्मेदार अधिकारियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।








