दिल्ली : राज्यसभा सांसद स्वाति मालीवाल ने आम आदमी पार्टी (AAP) छोड़कर भारतीय जनता पार्टी (BJP) का दामन थाम लिया है। पार्टी में शामिल होने के बाद उन्होंने Arvind Kejriwal पर कई गंभीर आरोप लगाए और अपने फैसले को वैचारिक बताया।
AAP छोड़ने की वजह: महिला आरक्षण और विचारधारा
स्वाति मालीवाल ने कहा कि उन्होंने यह फैसला काफी सोच-समझकर लिया है। उनके अनुसार, महिला आरक्षण बिल पर पार्टी का रुख उनके विचारों से मेल नहीं खाता था। उन्होंने दावा किया कि अगर वे पार्टी में रहतीं तो उन्हें ऐसे बयान पर हस्ताक्षर करने पड़ते, जो महिलाओं के आरक्षण के खिलाफ होता।
BJP में शामिल होने का कारण
मालीवाल ने कहा कि वे लंबे समय से BJP की विचारधारा और प्रधानमंत्री के नेतृत्व से प्रभावित रही हैं। उन्होंने यह भी कहा कि अनुच्छेद 370 जैसे मुद्दों पर भी उनका रुख पार्टी से अलग रहा है और वे हमेशा अपने सिद्धांतों के अनुसार काम करती रही हैं।
केजरीवाल पर तीखा हमला
AAP प्रमुख पर निशाना साधते हुए मालीवाल ने उन पर भ्रष्टाचार और मूल सिद्धांतों से भटकने के आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि सत्ता में आने के बाद केजरीवाल की जीवनशैली पूरी तरह बदल गई और उन्होंने जनता के भरोसे को तोड़ा।
उत्पीड़न के आरोप भी लगाए
मालीवाल ने यह भी आरोप लगाया कि उनके साथ पार्टी के भीतर दुर्व्यवहार हुआ। उन्होंने दावा किया कि उनके साथ मारपीट करवाई गई और FIR दर्ज कराने की कोशिश पर उन्हें धमकाया गया।
सियासी असर: बढ़ेगा टकराव
AAP से एक और बड़े चेहरे के जाने के बाद राजनीतिक माहौल और गरमा गया है। यह घटनाक्रम दिल्ली और पंजाब की राजनीति पर असर डाल सकता है, जहां पहले से ही दोनों दलों के बीच टकराव जारी है।









