- दिन का अधिकतम तापमान 33 डिग्री और न्यूनतम 28 डिग्री सेल्सियस रहा
- वातावरण में आर्द्रता 74% तक दर्ज की गई, राहत के साधन भी नाकाफी साबित हो रहे
- कृषि विशेषज्ञों की चेतावनी— बारिश न होने पर सिंचाई साधनों पर बढ़ेगा बोझ
अंबेडकरनगर। जिले में मौसम बीते दो दिनों से एक ही स्थिति में बना हुआ है। आसमान में बादलों की आवाजाही लगातार बनी हुई है, लेकिन वर्षा नहीं हो रही। इससे जहां एक ओर उमस में वृद्धि हो रही है, वहीं दूसरी ओर लोगों की दिनचर्या पर भी असर दिखाई दे रहा है।बृहस्पतिवार को भी बादलों और धूप की लुका-छिपी जारी रही। जिले के शहरी क्षेत्रों के साथ-साथ ग्रामीण अंचलों में भी मौसम का प्रभाव समान रूप से देखा गया। टांडा, जलालपुर, अकबरपुर, भीटी, जैतपुर, सम्मनपुर व बसखारी इलाकों में भी दिनभर धूप और बादलों के बीच स्थिति समान बनी रही। खेतों में काम कर रहे किसान हल्की बारिश की आस लगाए बैठे हैं ताकि जुताई और रोपाई कार्यों में गति आ सके।
परंतु सुबह से शाम तक सूरज और बादलों के बीच लुकाछिपी चलती रही, लेकिन बारिश नहीं हुई।सुबह के समय कुछ इलाकों में हल्की ठंडी हवा चली, लेकिन दोपहर होते-होते उमस ने लोगों को फिर से परेशान किया। तेज धूप के कारण सड़कों और गलियों में आवागमन कम नजर आया। दुकानों पर भी दोपहर में ग्राहक कम देखे गए।दिन के समय गर्मी और नमी का मिश्रण लोगों को अधिक प्रभावित कर रहा है। पंखों और कूलरों के बावजूद लोग राहत महसूस नहीं कर पा रहे हैं। शाम के समय वातावरण में ठंडक का अहसास होता है। अधिक तापमान और उमस के कारण बाजारों में भी दोपहर के समय रौनक कम देखी गई। व्यापारी वर्ग का कहना है कि लोग सुबह और शाम के समय ही खरीदारी के लिए निकल रहे हैं।








