- विकास कार्यों की समीक्षा बैठक में जिलाधिकारी ने दिखाई सख्ती
- तमसा नदी जीर्णोद्धार और पर्यटन विकास को मिली प्राथमिकता
- सभी सरकारी भवनों में रेन वाटर हार्वेस्टिंग अनिवार्य
अम्बेडकरनगर। कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला की अध्यक्षता में आयोजित विकास कार्यों की समीक्षा बैठक में विभिन्न विभागीय योजनाओं की प्रगति का विस्तृत मूल्यांकन किया गया। बैठक में मुख्यमंत्री डैशबोर्ड से जुड़े बिंदुओं के साथ-साथ अन्य महत्त्वपूर्ण योजनाओं पर भी चर्चा की गई। जिलाधिकारी ने कार्यों में सुस्ती पर नाराज़गी जाहिर करते हुए सभी अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि तय समयसीमा के भीतर परिणाम दिखने चाहिए।
तमसा नदी के जीर्णोद्धार पर विशेष फोकस, पर्यटन विकास को मिलेगी गति
जिलाधिकारी ने श्रवण धाम क्षेत्र में तमसा नदी के जीर्णोद्धार कार्यों की धीमी प्रगति पर चिंता जताई और संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि कार्य में तेजी लाई जाए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार पर्यटन विकास से जुड़े कार्य प्राथमिकता पर किए जाएं।
सभी सरकारी भवनों में रेन वाटर हार्वेस्टिंग अनिवार्य, एस्टीमेट बनाकर करें कार्रवाई
रेन वाटर हार्वेस्टिंग और ‘कैच द रेन’ अभियान के तहत सभी विभागों को निर्देश दिया गया कि वे अपने-अपने भवनों में वर्षा जल संचयन की व्यवस्था करें। इसके लिए एस्टीमेट बनाकर तुरंत कार्यवाही शुरू की जाए। जिलाधिकारी ने कहा कि जल संरक्षण के प्रति विभागीय सक्रियता जरूरी है।
सीडी रेट में सुधार के लिए बैंकों को लक्ष्य तय करने के निर्देश
जिला स्तर पर आर्थिक प्रगति की दिशा में काम करते हुए जिलाधिकारी ने सभी बैंकों को सीडी रेट सुधारने के लिए स्पष्ट लक्ष्य देने का आदेश दिया। उन्होंने कहा कि बैंकिंग सेवाओं का लाभ अधिकतम लोगों तक पहुंचे, इसके लिए ठोस रणनीति बनाई जाए।








