
अम्बेडकरनगर। अशरफपुर किछौछा नगर पंचायत के चेयरमैन ओमकार गुप्ता के अधिकारों को लेकर चल रहा विवाद एक बार फिर गहराया है। हाईकोर्ट ने पहले जारी किए गए अंतरिम स्टे आदेश को रद्द कर दिया है, जिसके बाद चेयरमैन के अधिकार फिलहाल पूरी तरह से सीज़ कर दिए गए हैं।
प्रशासनिक इतिहास और अधिकारों का विवाद
सूत्रों के अनुसार, शासन के आदेश के तहत 29 सितंबर 2025 को जिलाधिकारी ने चेयरमैन के अधिकार सीज़ किए थे। इसके बाद 17 अक्टूबर 2025 को चेयरमैन ने उच्च न्यायालय से अंतरिम स्टे आदेश प्राप्त किया था। लेकिन अब हाईकोर्ट ने इस स्टे आदेश को निरस्त कर दिया है।
इससे पहले, फर्जी शपथ पत्र मामले में 15 नवंबर को जनपद न्यायालय ने चेयरमैन का पद समाप्त कर दिया था। अब उच्च न्यायालय में इस मामले की अगली सुनवाई बाकी है।
सुप्रीम कोर्ट की प्रक्रिया और प्रशासनिक संचालन
हाईकोर्ट के आदेश के बाद नगर पंचायत क्षेत्र में प्रशासनिक कामकाज अधिकृत अधिकारी के नेतृत्व में सुचारू रूप से संचालित हो रहा है।
अधिकारियों ने बताया कि फिलहाल सभी योजनाएं और विकास कार्य नियमित रूप से जारी हैं, और किसी भी प्रशासनिक गतिविधि में कोई बाधा नहीं है।
स्थानीय स्तर पर प्रशासनिक विभाग ने साफ किया है कि किसी भी निर्णय या कार्य में किसी तरह का देरी या अनियमितता नहीं होगी।








