अम्बेडकरनगर। जिले में ग्रामीण विकास से जुड़े कार्यों को गति देने के उद्देश्य से कलेक्ट्रेट सभागार में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में अन्त्येष्टि स्थलों के निर्माण (वर्ष 2024–25 एवं 2025–26), 15वें वित्त आयोग, 5वें राज्य वित्त आयोग तथा बहुउद्देशीय पंचायत भवनों के निर्माण एवं संचालन से संबंधित कार्यों की गहन समीक्षा की गई। बैठक की अध्यक्षता जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने की। इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी आनंद कुमार शुक्ला और जिला पंचायत राज अधिकारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण कार्यों पर जोर
समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी स्वीकृत विकास कार्यों को तय समय-सीमा के भीतर गुणवत्ता के साथ पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि विकास योजनाओं में किसी भी स्तर पर लापरवाही, शिथिलता या उदासीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कार्यों में देरी या मानकों से समझौता करने वाले अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी।
अन्त्येष्टि स्थल और पंचायत भवनों में मानकों का पालन अनिवार्य
जिलाधिकारी ने अन्त्येष्टि स्थलों और बहुउद्देशीय पंचायत भवनों के निर्माण में निर्धारित तकनीकी और प्रशासनिक मानकों के पूर्ण पालन के निर्देश दिए। उन्होंने लंबित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूर्ण कराने को कहा, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में आवश्यक बुनियादी सुविधाएं समय से उपलब्ध कराई जा सकें।
वित्तीय योजनाओं के धन के उपयोग पर सख्ती
बैठक में 15वें वित्त आयोग और 5वें राज्य वित्त आयोग के अंतर्गत आवंटित धनराशि की प्रगति की भी समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि वित्तीय योजनाओं के तहत प्राप्त धन का समुचित, पारदर्शी और समयबद्ध उपयोग सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि धन के उपयोग में किसी प्रकार की अनियमितता या अनावश्यक विलंब स्वीकार्य नहीं होगा।








