
अम्बेडकरनगर। जनपद के युवा कृषि वैज्ञानिक डॉ अवनीश कुमार पांडेय को फल विज्ञान के क्षेत्र में उल्लेखनीय शोध और योगदान के लिए प्रतिष्ठित SHRD फेलोशिप पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। यह पुरस्कार सोसाइटी फॉर हॉर्टिकल्चरल रिसर्च एंड डेवलपमेंट द्वारा 28 से 30 जनवरी 2026 तक झांसी स्थित रानी लक्ष्मी बाई सेंट्रल एग्रीकल्चरल यूनिवर्सिटी में आयोजित चौथे इंडियन हॉर्टिकल्चर समिट-कम-इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस के दौरान प्रदान किया गया।
डॉ अवनीश कुमार पांडेय वर्तमान में नवसारी कृषि विश्वविद्यालय, नवसारी (गुजरात) में एसोसिएट प्रोफेसर के पद पर कार्यरत हैं। सम्मेलन में देश-विदेश के कृषि वैज्ञानिकों, शोधकर्ताओं और विशेषज्ञों ने भाग लिया, जहां उद्यानिकी और फल विज्ञान से जुड़े नवीन शोध कार्यों पर चर्चा की गई।
शोध, प्रकाशन और पेटेंट में मजबूत पहचान
डॉ पांडेय ने कृषि विज्ञान, विशेष रूप से फल विज्ञान के क्षेत्र में व्यापक शोध किया है। अब तक उनके 100 से अधिक शोध पत्र राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय जर्नलों में प्रकाशित हो चुके हैं। इसके अलावा उन्होंने 7 पुस्तकें लिखी हैं और 7 पेटेंट भी उनके नाम दर्ज हैं। उनके शोध कार्यों का उपयोग फसल उत्पादकता, गुणवत्ता सुधार और आधुनिक बागवानी तकनीकों के विकास में किया जा रहा है।
SHRD फेलोशिप पुरस्कार को उद्यानिकी शोध के क्षेत्र में महत्वपूर्ण सम्मान माना जाता है, जो निरंतर शोध, नवाचार और व्यावहारिक उपयोगिता वाले कार्यों के आधार पर प्रदान किया जाता है।
डॉ अवनीश कुमार पांडेय की इस उपलब्धि को अम्बेडकरनगर के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। उनकी सफलता ने न केवल जनपद बल्कि प्रदेश और देश के कृषि वैज्ञानिक समुदाय में पहचान बनाई है। सम्मेलन के दौरान उनके शोध कार्यों की सराहना की गई और भविष्य में फल विज्ञान से जुड़े नवाचारों में उनके योगदान की अपेक्षा जताई गई।








