क्यों सस्ता हुआ सोना-चांदी? क्या जंग और बाजार रणनीति बनी वजह

कैसे 45 दिन में कीमतें लुढ़कीं

अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच जारी तनाव का असर अब कीमती धातुओं के बाजार पर भी दिखने लगा है। आज सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे निवेशकों की रणनीति में बदलाव साफ नजर आ रहा है।

इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के अनुसार, एक किलो चांदी की कीमत 2,753 रुपए घटकर 2.37 लाख रुपए पर आ गई है। इससे पहले 10 अप्रैल को यह 2.40 लाख रुपए प्रति किलो थी।

वहीं, 24 कैरेट सोना भी सस्ता हुआ है। 10 ग्राम सोना 246 रुपए गिरकर 1,50,081 रुपए पर पहुंच गया है, जबकि शुक्रवार को यह 1,50,327 रुपए पर था।

पिछले 45 दिनों में सोना 9,016 रुपए और चांदी 29,519 रुपए तक सस्ती हो चुकी है, जो बाजार में बड़ी हलचल का संकेत है।

शहरों में अलग-अलग क्यों होते हैं सोने के दाम?

सोने की कीमत पूरे देश में एक जैसी नहीं होती। इसके पीछे कई व्यावहारिक कारण होते हैं:

  • ट्रांसपोर्टेशन और सिक्योरिटी:
    एक शहर से दूसरे शहर सोना ले जाने में ईंधन और सुरक्षा खर्च जुड़ता है, जिससे कीमत प्रभावित होती है।
  • खरीदारी की मात्रा:
    दक्षिण भारत में ज्यादा खपत (करीब 40%) होने के कारण वहां बड़े स्तर पर खरीदारी होती है, लेकिन छूट सीमित रहती है।
  • लोकल ज्वेलर्स एसोसिएशन:
    अलग-अलग शहरों के ज्वेलर्स एसोसिएशन स्थानीय मांग और सप्लाई के आधार पर रेट तय करते हैं।
  • पुराना स्टॉक और खरीद मूल्य:
    ज्वेलर्स ने जिस कीमत पर सोना खरीदा होता है, उसी के अनुसार वे ग्राहकों को बेचते हैं।

ऑल टाइम हाई से बड़ी गिरावट

इस साल सोना-चांदी की कीमतों में जबरदस्त उतार-चढ़ाव देखने को मिला है।
31 दिसंबर 2025 को सोना 1.33 लाख रुपए पर था, जो 29 जनवरी को 1.76 लाख रुपए के ऑल टाइम हाई पर पहुंच गया था। इसके बाद अब तक सोना 26,040 रुपए तक सस्ता हो चुका है।

वहीं, चांदी की कीमत 31 दिसंबर 2025 को 2.30 लाख रुपए थी, जो 29 जनवरी को 3.86 लाख रुपए के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई थी। इसके बाद 103 दिनों में चांदी 1.49 लाख रुपए तक गिर चुकी है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button