- रेलवे अधिकारी पर रिश्वत का आरोप
- CBI ने DRM कार्यालय और घर पर छापा
- मोबाइल, लैपटॉप और फाइलें जब्त
वाराणसी। उत्तर प्रदेश के वाराणसी में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने रेलवे के एक वरिष्ठ अधिकारी को कथित रिश्वतखोरी के मामले में हिरासत में लिया है। अधिकारी पर फर्नीचर कारोबारी से बिल पास कराने के बदले 1.70 लाख रुपये रिश्वत लेने का आरोप है।
DRM कार्यालय और आवास पर छापा
कारोबारी की शिकायत के बाद गुरुवार शाम CBI की टीम ने एक साथ डीआरएम कार्यालय और आरोपी अधिकारी के आवास पर छापेमारी की। इस दौरान परिवार के सदस्यों और कर्मचारियों से पूछताछ की गई।
मोबाइल, लैपटॉप और दस्तावेज जब्त
CBI ने वरिष्ठ मंडल सामग्री प्रबंधक (सीनियर DMM) नितेश अग्रवाल को हिरासत में लेकर उनका मोबाइल, लैपटॉप और कई महत्वपूर्ण फाइलें जब्त कर लीं। सूत्रों के अनुसार, उनके घर से कुछ नकदी भी बरामद हुई है।
रेलवे यूनियन ने भी की थी शिकायत
नितेश अग्रवाल पिछले तीन वर्षों से वाराणसी रेल मंडल में तैनात हैं। उनके जिम्मे कर्मचारियों के लिए ड्रेस, जूते, स्पेयर पार्ट्स और अन्य जरूरी सामान की खरीद का कार्य था। करीब दो महीने पहले रेलवे यूनियन ने कर्मचारियों को उपलब्ध कराए गए ड्रेस और जूतों की गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए अधिकारियों पर कमीशनखोरी का आरोप लगाया था।
विजिलेंस रिपोर्ट के बाद CBI की कार्रवाई
रेलवे बोर्ड की विजिलेंस टीम ने शिकायतों की जांच कर रिपोर्ट CBI को सौंपी थी। इसी रिपोर्ट के आधार पर लखनऊ CBI की टीम ने गुरुवार को कार्रवाई करते हुए छापेमारी की और आरोपी अधिकारी को हिरासत में लिया।









