अंबेडकरनगर। आईजीआरएस पोर्टल पर दर्ज जनशिकायतों के निस्तारण में लापरवाही और शिकायतकर्ताओं की असंतुष्टि को लेकर जिलाधिकारी ईशा प्रिया ने सख्त रुख अपनाया है। कलेक्ट्रेट सभागार में समीक्षा बैठक के दौरान उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि शिकायतों का निस्तारण केवल कागजों तक सीमित न रहे। हर मामले में गुणवत्तापूर्ण कार्रवाई हो और शिकायतकर्ता को संतुष्ट करने का प्रयास किया जाए।
असंतुष्ट फीडबैक वाले विभागों पर विशेष जोर
बैठक में जिलाधिकारी ने खास तौर पर उन विभागों के कामकाज की समीक्षा की, जिन्हें आईजीआरएस पोर्टल पर सबसे अधिक असंतुष्ट फीडबैक मिला है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को अपने निस्तारण की प्रक्रिया में सुधार लाने के निर्देश दिए। साथ ही शिकायतों की प्रकृति समझकर नियमानुसार कार्रवाई करने और उसकी गुणवत्ता पर ध्यान देने को कहा।
समयसीमा के साथ पारदर्शिता भी जरूरी
जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि प्रत्येक शिकायत का निस्तारण निर्धारित समयसीमा के भीतर किया जाए। कार्रवाई में पारदर्शिता बरती जाए और शिकायतों को बिना उचित समाधान के निस्तारित न माना जाए। अधिकारियों को शिकायतों के निस्तारण की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने और शिकायतकर्ता की संतुष्टि सुनिश्चित करने को कहा गया।
आईजीआरएस पोर्टल शासन की जनसुनवाई व्यवस्था का प्रमुख माध्यम है। इसके जरिए लोग अपनी समस्याएं संबंधित विभागों तक पहुंचाते हैं। ऐसे में शिकायतों पर प्रभावी कार्रवाई और समय से समाधान सुनिश्चित करना संबंधित विभागों की जिम्मेदारी है।
कई विभागों के अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी वैभव मिश्रा और अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व ज्योत्स्ना बंधु मौजूद रहीं। ज्वाइंट मजिस्ट्रेट थनिगईयरसन टी, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट एवं उपजिलाधिकारी अकबरपुर प्रतीक्षा सिंह, जिला विकास अधिकारी, परियोजना अधिकारी डीआरडीए, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी और सभी उपजिलाधिकारी सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।









