
- आपातकालीन तैयारी- क्या है ब्लैक आउट मॉकड्रिल की योजना
- क्या है ब्लैक आउट अभ्यास का उद्देश्य और इसकी अहमियत
- कैसे करेगी प्रशासन आपातकालीन स्थितियों से निपटने की तैयारी
अम्बेडकरनगर। भारत सरकार के निर्देशों के अनुसार, आपातकालीन स्थितियों और हवाई हमले जैसी परिस्थितियों से निपटने की तैयारियों को लेकर मंगलवार को कलक्ट्रेट सभागार में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला और पुलिस अधीक्षक केशव कुमार की संयुक्त अध्यक्षता में हुई इस बैठक में ब्लैक आउट, मॉकड्रिल और आपदा प्रबंधन रणनीति पर विस्तृत चर्चा हुई।
ब्लैक आउट अभ्यास की तैयारी
जिलाधिकारी ने बताया कि आगामी मॉकड्रिल के दौरान जनपद में शाम 8:00 से 8:30 बजे तक विद्युत आपूर्ति पूरी तरह बंद रखी जाएगी, ताकि वास्तविक परिस्थितियों का सटीक आकलन किया जा सके। उन्होंने सभी विभागों, औद्योगिक इकाइयों, संचार कंपनियों और व्यापारिक प्रतिष्ठानों को निर्देश दिए कि इस दौरान बिजली का उपयोग न करें और मॉकड्रिल को सफल बनाएं।
संवेदनशील स्थानों की सुरक्षा पर चर्चा
बैठक में जिले के संवेदनशील और रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों, कार्यालयों, मार्गों और औद्योगिक इकाइयों की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की गई। साथ ही, सभी विभागों को निर्देश दिए गए कि वे अपने कर्मचारियों को आपातकालीन स्थितियों के लिए प्रशिक्षित रखें और नियमित मॉकड्रिल कराएं।
आम जनता से सहयोग की अपील
जिलाधिकारी ने नागरिकों से अपील की कि वे मॉकड्रिल के दौरान पूर्ण सहयोग दें और निर्धारित समय में बिजली के उपकरण बंद रखें। उन्होंने कहा कि आपदा के समय जन-धन की हानि को कम करने के लिए जनभागीदारी जरूरी है।
बैठक में उपस्थित लोग
इस बैठक में पुलिस अधीक्षक केशव कुमार, अपर पुलिस अधीक्षक विशाल पांडे, मुख्य विकास अधिकारी आनंद कुमार शुक्ला, अपर जिलाधिकारी न्यायिक रंजीत सिंह, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी के साथ-साथ एनटीपीसी, अल्ट्राटेक सीमेंट, दूरसंचार कंपनियों और व्यापारियों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। सभी को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए।








