अंबेडकरनगर। खेतों की उर्वरा शक्ति बनाए रखने के लिए कृषि विभाग जिले में ‘धरती बचाओ’ अभियान चलाएगा। अभियान के तहत किसानों को मिट्टी की गुणवत्ता बनाए रखने, संतुलित मात्रा में उर्वरकों के इस्तेमाल और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण के प्रति जागरूक किया जाएगा। विभाग जैविक खाद, फसल चक्र और जल संरक्षण को भी बढ़ावा देगा।
असंतुलित उर्वरक के इस्तेमाल से बचने की सलाह
जिला कृषि अधिकारी अरविंद चौधरी ने बताया कि किसानों को मिट्टी के महत्व और उसकी गुणवत्ता बनाए रखने के तरीकों की जानकारी दी जाएगी। लगातार रासायनिक उर्वरकों और कीटनाशकों का असंतुलित इस्तेमाल मिट्टी की गुणवत्ता को प्रभावित कर सकता है। इसलिए फसल की जरूरत के अनुसार ही उर्वरकों का प्रयोग करने पर जोर दिया जाएगा।
मिट्टी जांच के बाद जरूरत के मुताबिक डालें खाद
कृषि विभाग किसानों को खेतों की मिट्टी की जांच कराने के लिए भी प्रेरित करेगा। मिट्टी की जांच से उसमें मौजूद पोषक तत्वों की स्थिति का पता चलेगा। इसके आधार पर किसान फसल की जरूरत के अनुसार उर्वरकों का इस्तेमाल कर सकेंगे। इससे अनावश्यक खाद के खर्च को कम करने में भी मदद मिलेगी।









