अम्बेडकरनगर। अम्बेडकरनगर में पूर्व विधायक पवन पांडेय को बुधवार को बड़ी कानूनी राहत मिली। वर्षों पुराना बूथ कैप्चरिंग से संबंधित मामला अदालत में सुनवाई के बाद समाप्त हो गया और अदालत ने पवन पांडेय को दोषमुक्त कर दिया। फैसले के बाद यह मामला राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बना हुआ है।
आरोपों पर लंबी अवधि तक चली सुनवाई
बूथ कैप्चरिंग का यह मामला चुनावी अवधि से जुड़ा था, जिसमें पवन पांडेय पर आरोप लगाए गए थे। मामले की कानूनी प्रक्रिया लंबे समय तक चलती रही। अभियोजन पक्ष द्वारा प्रस्तुत तर्क और गवाही अदालत में संतोषजनक न पाए जाने पर अदालत ने उन्हें सभी आरोपों से मुक्त कर दिया।
फैसले के बाद क्षेत्र में राजनीतिक हलचल
अदालत का फैसला आते ही क्षेत्रीय राजनीति में हलचल बढ़ गई। समर्थकों में इस निर्णय के बाद उत्साह देखा गया, वहीं विरोधी दलों की ओर से मिश्रित प्रतिक्रिया सामने आई। राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि यह फैसला जिले की राजनीति पर आगामी समय में प्रभाव डाल सकता है।
कानूनी लड़ाई के बाद मिला न्याय
दोषमुक्त होने के बाद पवन पांडेय से जुड़े राजनीतिक कार्यकर्ताओं ने इसे न्याय की जीत बताया। कानूनी जानकारों के अनुसार, अदालत ने प्रमाणों और प्रस्तुत साक्ष्यों के आधार पर निर्णय सुनाया, जिसमें आरोप टिक नहीं पाए।








