
- सर्वे रजिस्टर 2021 का, लेकिन वसूली 2018 से – नियम विरुद्ध बताया निर्णय
- टैक्स वृद्धि 30% तक सीमित करने और प्रक्रिया पारदर्शी बनाने की मांग
- निर्णय न बदला तो आंदोलन की चेतावनी दी गई
अंबेडकरनगर। अकबरपुर नगर पालिका में हाउस टैक्स वृद्धि को लेकर भारतीय जनता पार्टी के भीतर ही मतभेद खुलकर सामने आ गए हैं। मंगलवार को बीजेपी जिला महामंत्री राम शब्द यादव ने अधिशासी अभियंता को ज्ञापन सौंपते हुए टैक्स वृद्धि का विरोध किया और इसे तत्काल वापस लेने की मांग की।
चेयरमैन भी बीजेपी से, विवाद ने पकड़ी गर्मी
यह मामला इसलिए खास महत्व रखता है क्योंकि अकबरपुर नगर पालिका के चेयरमैन चंद्र प्रकाश वर्मा स्वयं भाजपा से हैं। ऐसे में टैक्स वृद्धि का विरोध पार्टी के भीतर की खींचतान को उजागर कर रहा है। स्थानीय राजनीति में इसे अहम घटनाक्रम माना जा रहा है।
सर्वे रजिस्टर और वसूली को लेकर आपत्ति
जिला महामंत्री राम शब्द यादव ने गृह कर वृद्धि को नियम विरुद्ध करार दिया है। उनका कहना है कि नगर पालिका का सर्वे रजिस्टर वर्ष 2021 में तैयार हुआ, लेकिन कर वसूली वर्ष 2018 से की जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कर उसी वर्ष से लागू होना चाहिए, जिस वर्ष सर्वे रजिस्टर बनाया गया है।
बोर्ड की सहमति से अधिकतम 30 प्रतिशत वृद्धि की मांग
ज्ञापन में मांग की गई है कि गृह कर वृद्धि बोर्ड की सहमति से अधिकतम 30 प्रतिशत तक ही सीमित की जाए। साथ ही टैक्स वसूली प्रक्रिया को पारदर्शी और सरल बनाने की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएं।








