चित्रकूट। चित्रकूट के भरतकूप थाना क्षेत्र में ई-रिक्शा चालक मनोज पाल के अपहरण और हत्या की साजिश का पुलिस ने खुलासा किया है। पुलिस के मुताबिक, संपत्ति विवाद के चलते मनोज के भतीजे हिमांशु पाल ने अपने पिता समेत चार लोगों के साथ मिलकर उन्हें रास्ते से हटाने की योजना बनाई थी।
पुलिस ने सोमवार को कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से चार मोबाइल फोन, वारदात में इस्तेमाल i-20 कार और 2,400 रुपए बरामद किए गए हैं।
ई-रिक्शा ढाबे के पास मिला था
पुलिस के अनुसार, मनोज पाल 19 अगस्त को ई-रिक्शा लेकर घर से निकले थे, लेकिन वापस नहीं लौटे। अगले दिन उनका ई-रिक्शा कर्वी रोड पर चौहान ढाबे के पास लावारिस हालत में मिला।
एक प्रत्यक्षदर्शी ने पुलिस को बताया था कि शाम करीब 7:30 बजे कुछ लोग मनोज को जबरन एक चार पहिया वाहन में बैठाकर ले गए थे। इसके बाद मनोज की पत्नी पट्टी देवी ने भरतकूप थाने में शिकायत दी, जिस पर अपहरण का मुकदमा दर्ज किया गया।
CCTV और मोबाइल लोकेशन से आरोपियों तक पहुंची पुलिस
पुलिस अधीक्षक अरुण कुमार सिंह ने मामले के खुलासे के लिए SOG, सर्विलांस और भरतकूप पुलिस की संयुक्त टीम बनाई थी।
जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल और आसपास के CCTV फुटेज खंगाले। फुटेज में वारदात में इस्तेमाल i-20 कार दिखाई दी। पुलिस ने कार के नंबर के आधार पर उसके मालिक और उससे जुड़े मोबाइल नंबरों की जानकारी जुटाई।
इसके बाद मनोज के मोबाइल की लोकेशन और अन्य तकनीकी साक्ष्यों का मिलान किया गया। इसी आधार पर पुलिस आरोपियों तक पहुंची।









