- बैलगाड़ी और डंडा लेकर कैसरबाग चौराहे से कलेक्ट्रेट तक मार्च
- 13 सूत्रीय मांगों को लेकर जिला अधिकारी कार्यालय का घेराव
- श्मशान स्थल कब्जे और अधिग्रहित जमीन का मुआवजा न मिलने का आरोप
लखनऊ। भारतीय किसान यूनियन (राष्ट्रीयवाद) ने मंगलवार को लखनऊ में जोरदार प्रदर्शन किया। किसान बैलगाड़ी और हाथों में डंडा लेकर नारेबाजी करते हुए कैसरबाग चौराहे से जिला अधिकारी कार्यालय तक पहुंचे। वहां उन्होंने घेराव कर पंचायत की।
संगठन ने लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) पर श्मशान स्थल पर कब्जा करने और मुआवजा न देने का आरोप लगाया। किसानों ने गोमती नगर स्थित उजरियांव योजना में मुआवजा समेत 13 सूत्रीय मांग उठाई और चेतावनी दी कि मांगे पूरी न होने पर आरपार की लड़ाई लड़ी जाएगी।
भारतीय किसान यूनियन (राष्ट्रीयवाद) के अध्यक्ष अशोक यादव ने बताया कि 1984 में किसानों की जमीन LDA ने अधिग्रहित की थी। उस समय मुआवजा 84 पैसे प्रति वर्ग गज तय किया गया, जो बाद में बढ़ाकर 4.60 रुपए किया गया। कोर्ट ने 2016 में अंतिम आदेश देकर 4.60 रुपए सभी किसानों को देने को कहा, लेकिन LDA अब तक भुगतान नहीं कर पाया है।
अशोक यादव ने कहा कि LDA ने अधिग्रहण के समय किसानों से नौकरी, आवास, गांव का विकास और किसान भवन देने का वादा किया था, लेकिन आज तक एक भी वादा पूरा नहीं हुआ। किसानों का आरोप है कि तीन श्मशान स्थलों में से दो पर LDA ने कब्जा कर लिया है। किसान परिवारों की महिलाएं अब दूसरों के घरों में काम करने को मजबूर हैं।
किसानों का कहना है कि वे कई सालों से LDA और प्रशासन के अधिकारियों से गुहार लगा रहे हैं, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हो रही। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर मांगें पूरी नहीं हुईं तो बड़ा आंदोलन होगा।








