अम्बेडकरनगर। जिला कारागार अम्बेडकरनगर में सोमवार को बंदियों के हितार्थ विधिक साक्षरता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का आयोजन सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण शैलेश कुमार मौर्य के नेतृत्व में हुआ। इस दौरान उन्होंने जिला कारागार का निरीक्षण भी किया।
शिविर में बंदियों को राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से उपलब्ध निःशुल्क विधिक सेवाओं की जानकारी दी गई। सचिव ने जेल प्रशासन को निर्देश दिया कि बीएनएसएस की धारा 479 से संबंधित विचाराधीन बंदियों और ऐसे बंदियों की सूची समय से जिला विधिक सेवा प्राधिकरण को उपलब्ध कराई जाए, जिनकी जमानत हो चुकी है लेकिन जमानतदार के अभाव में रिहाई नहीं हो पा रही है। इससे आवश्यक विधिक प्रक्रिया के माध्यम से उनकी रिहाई का प्रयास किया जा सके।
शिविर के दौरान 22 फरवरी 2026 को प्रस्तावित वृहद विधिक साक्षरता एवं सेवा शिविर की जानकारी भी दी गई। बताया गया कि इस शिविर में विभिन्न विभागों द्वारा स्टाल लगाकर जनकल्याणकारी योजनाओं का प्रचार-प्रसार किया जाएगा और पात्र लाभार्थियों को योजनाओं का लाभ दिलाया जाएगा। इसके लिए तहसील स्तर पर पूर्व में प्री-कैम्प भी आयोजित किए जाएंगे।
कारागार निरीक्षण के दौरान सचिव ने बंदियों से भोजन, स्वास्थ्य, चिकित्सकीय सुविधा और मुकदमों की पैरवी की स्थिति के बारे में जानकारी ली। बंदियों से घरवालों से टेलीफोन पर बातचीत की व्यवस्था को लेकर भी चर्चा की गई। उन्होंने जेल प्रशासन को स्वच्छता बनाए रखने और बीमार बंदियों को समय पर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
इस मौके पर जेलर आलोक सिंह, डिप्टी जेलर सूर्यभान सरोज, तेजवीर सिंह, शीतल जैसवाल, चिकित्साधिकारी दिग्विजय प्रताप सिंह सहित कारागार कर्मी और बंदी उपस्थित रहे।








