तेलंगाना में मोहम्मद अजहरुद्दीन बने मंत्री

पूर्व क्रिकेटर मोहम्मद अजहरुद्दीन ने मंत्री पद की शपथ ली

तेलंगाना कैबिनेट में मुस्लिम प्रतिनिधित्व को लेकर बढ़ा राजनीतिक दबाव

BJP बोली— जुबली हिल्स उपचुनाव में आचार संहिता का उल्लंघन

हैदराबाद। पूर्व क्रिकेटर और एमएलसी मोहम्मद अजहरुद्दीन ने शुक्रवार को तेलंगाना सरकार में मंत्री पद की शपथ ली। राजभवन में राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा ने उन्हें पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। अजहरुद्दीन तेलंगाना कैबिनेट में शामिल होने वाले 16वें मंत्री बने हैं।

भाजपा ने जताया विरोध, बोली— “कांग्रेस कर रही तुष्टिकरण की राजनीति”

अजहरुद्दीन को मंत्री बनाए जाने पर भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने कड़ा विरोध जताया है। पार्टी ने आरोप लगाया है कि जुबली हिल्स विधानसभा सीट पर उपचुनाव के बीच यह फैसला आचार संहिता का उल्लंघन है। भाजपा ने इस मामले में राज्य चुनाव आयोग से शिकायत भी दर्ज कराई है।

BJP का कहना है कि कांग्रेस सरकार ने मुस्लिम समुदाय को खुश करने के लिए यह कदम उठाया है। पार्टी नेताओं का आरोप है कि रेवंत रेड्डी सरकार तुष्टिकरण की राजनीति कर रही है।

कांग्रेस को मुस्लिम वोट बैंक साधने की कोशिश

तेलंगाना की जुबली हिल्स विधानसभा सीट पर 11 नवंबर को उपचुनाव होना है। इस सीट पर करीब 30% मुस्लिम मतदाता हैं। राजनीतिक जानकारों का कहना है कि अजहरुद्दीन की कैबिनेट में एंट्री से कांग्रेस को मुस्लिम मतदाताओं का समर्थन मिलने की उम्मीद है।

अजहरुद्दीन ने 2023 विधानसभा चुनाव में इसी सीट से कांग्रेस उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ा था, लेकिन उन्हें BRS उम्मीदवार मगंती गोपीनाथ ने 16,337 वोटों से हराया था।

मुस्लिम प्रतिनिधित्व न होने पर उठे थे सवाल

तेलंगाना की कांग्रेस सरकार में अब तक कोई भी मुस्लिम मंत्री नहीं था। इस कारण पार्टी पर मुस्लिम समुदाय की उपेक्षा का आरोप लग रहा था। अजहरुद्दीन के शामिल होने के बाद मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी की कैबिनेट में कुल 16 मंत्री हो गए हैं, जबकि राज्य में अधिकतम 18 मंत्री हो सकते हैं।

जुबली हिल्स सीट पर मुस्लिम वोटर निर्णायक

जुबली हिल्स विधानसभा क्षेत्र में कुल 3.90 लाख मतदाता हैं, जिनमें से 1.20 से 1.40 लाख मुस्लिम मतदाता हैं। यानी हर तीसरा वोटर मुस्लिम समुदाय से आता है। ऐसे में इस सीट पर मुस्लिम वोट बैंक चुनाव नतीजों को सीधे प्रभावित करता है।

उपचुनाव में तीनों पार्टियों से कोई मुस्लिम उम्मीदवार नहीं

विधायक मगंती गोपीनाथ के निधन के बाद हो रहे इस उपचुनाव में किसी भी बड़ी पार्टी ने मुस्लिम उम्मीदवार नहीं उतारा है। BRS से मगंती सुनीता गोपीनाथ, कांग्रेस से वल्लाला नवीन यादव, और BJP से लंकला दीपक रेड्डी मैदान में हैं।

2023 के नतीजों में कांग्रेस का पलड़ा भारी

तेलंगाना विधानसभा चुनाव 2023 में कांग्रेस ने 64 सीटें, BRS ने 39, BJP ने 8, AIMIM ने 7 और CPI ने 1 सीट जीती थी।

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