
- टीबी उन्मूलन अभियान की अवधि बढ़ी, अब 31 दिसंबर तक चलेगा
- 45 चिकित्सकीय टीमें करेंगी घर-घर स्क्रीनिंग
- अब तक 1,825 नए मरीज पंजीकृत, 3,554 उपचाराधीन
अम्बेडकरनगर। जिले में तपेदिक (टीबी) उन्मूलन को लेकर चलाया जा रहा विशेष अभियान अब 31 दिसंबर तक संचालित किया जाएगा। शासन के निर्देश पर जनपद के सभी नौ ब्लॉकों में गठित 45 चिकित्सकीय टीमों के जरिए घर-घर जाकर टीबी रोग की पहचान, जांच, उपचार और निगरानी की प्रक्रिया लगातार जारी रहेगी। इस अभियान का लक्ष्य 30 लाख से अधिक जनसंख्या की स्क्रीनिंग करना है।
बीते 10 अप्रैल से 30 अप्रैल के बीच चलाए गए विशेष ‘दस्तक अभियान’ में 128 नए टीबी रोगियों की पहचान की गई। वहीं, बीते चार महीनों में कुल 1,825 नए मरीजों का पंजीकरण किया गया है। इन आंकड़ों से विभाग ने टीबी की व्यापकता का पुनर्मूल्यांकन किया और इसी आधार पर अभियान की अवधि बढ़ाई गई।
तीन हजार से अधिक रोगी उपचाराधीन, 84% है सफलता दर
जिले में फिलहाल कुल 3,554 टीबी मरीज उपचाररत हैं, जिनमें से 3,245 मरीजों को गोद लेकर उपचार की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। जिले की टीबी उपचार सफलता दर 84% है। मंडल स्तर पर जनपद को दूसरा और प्रदेश स्तर पर आठवां स्थान प्राप्त हुआ है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, यह प्रगति लगातार प्रयासों और सामुदायिक सहभागिता का परिणाम है।
जिले के 70 गांव टीबी मुक्त घोषित, 101 गांवों में नहीं मिले नए रोगी
विभागीय रिकॉर्ड के अनुसार, वर्ष 2022 में 23 और वर्ष 2023 में 47 गांवों को टीबी मुक्त घोषित किया जा चुका है। वहीं, वर्ष 2024 में अब तक 101 गांव ऐसे हैं, जहां एक भी नया रोगी नहीं पाया गया है। इन गांवों में दोबारा मानकों के अनुसार सत्यापन कर उन्हें रोगमुक्त घोषित करने की प्रक्रिया जारी है।








