- पहल्गाम हमले के विरोध में चिकित्सकों का कैंडल मार्च
- चिकित्सा समुदाय का एकजुटता का संदेश: आतंकवाद के खिलाफ संघर्ष
- कैंडल मार्च में शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करने की भावुक पहल
अम्बेडकरनगर। मंगलवार को, पहल्गाम में हुए आतंकी हमले के विरोध में मेडिकल कॉलेज के चिकित्सकों, नर्सिंग स्टाफ और फार्मा एसोसिएशन ने एकजुट होकर कैंडल मार्च का आयोजन किया। इस मार्च का मुख्य उद्देश्य आतंकवाद के खिलाफ एक सशक्त संदेश भेजना और शहीद जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित करना था।
एकजुटता का संदेश: कैंडल मार्च में बड़ी संख्या में चिकित्सक, नर्स और अन्य स्वास्थ्यकर्मी शामिल हुए, जिन्होंने मोमबत्तियां जलाकर आतंकवाद के खिलाफ अपने विरोध का प्रतीक प्रस्तुत किया। इस अवसर पर चिकित्सकों और स्वास्थ्यकर्मियों ने देश की एकता और अखंडता को बनाए रखने का संकल्प लिया।
राजकीय मेडिकल कॉलेज के ईएनटी विभागाध्यक्ष डॉ. प्रमोद यादव ने कहा, “यह कैंडल मार्च पहल्गाम में आतंकवादियों द्वारा किए गए कायराना हमले के खिलाफ हमारी एकजुटता का प्रतीक है। हम शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं और देश के साथ खड़े हैं।”
आतंकवाद का संगठित विरोध: आर्थोपेडिक सर्जन डॉ. आलोक पाण्डेय ने अपने बयान में कहा, “आतंकवाद देश की अखंडता पर सीधा हमला है। ऐसे हमलों का संगठित विरोध करना समय की आवश्यकता है। हमें सभी को एकजुट होकर आतंकवाद का मुकाबला करना होगा।”
समाज का संकल्प: कार्यक्रम में शामिल डॉक्टर आरपी सिंह ने आतंकवाद के खिलाफ देश की मजबूत स्थिति पर जोर देते हुए कहा, “भारत आतंकवाद के खिलाफ हर मोर्चे पर मजबूत खड़ा है। हम शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं और यह संकल्प लेते हैं कि देशहित सर्वोपरि रहेगा। किसी भी आतंकी मंसूबे को सफल नहीं होने देंगे।”
इस कैंडल मार्च में फार्मा एसोसिएशन और नर्सिंग एसोसिएशन के सदस्य भी सक्रिय रूप से शामिल हुए, और आतंकवाद के खिलाफ अपने विरोध का एकजुट स्वर में इज़हार किया।








