
- भारत-पाकिस्तान तनाव का असर, क्या है शेयर बाजार में गिरावट के पीछे का कारण?
- सेंसेक्स और निफ्टी में गिरावट, विदेशी निवेशकों की खरीदी के बावजूद क्या है बाजार की दिशा?
- क्या है मुनाफा वसूली का असर और कैसे प्रभावित हुआ भारतीय बाजार?
मुंबई। आज यानी शुक्रवार, 9 मई को भारतीय शेयर बाजार में भारी गिरावट रही। सेंसेक्स 880 अंक (1.10%) गिरकर 79,454 के स्तर पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 266 अंक (1.10%) की गिरावट के साथ 24,008 पर बंद हुआ।
सेंसेक्स के 30 शेयरों में से 25 में गिरावट
सेंसेक्स के 30 प्रमुख शेयरों में से 25 में गिरावट दर्ज की गई। ICICI बैंक में 3.24% की गिरावट आई, वहीं पावर ग्रिड, अल्ट्राटेक सीमेंट, बजाज फाइनेंस और रिलायंस जैसे बड़े शेयर भी करीब 3% गिरकर बंद हुए। हालांकि, टाइटन, लार्सन एंड टुब्रो, टाटा मोटर्स और एसबीआई ने 4.25% तक की तेजी दिखाई।
निफ्टी के 50 में से 38 शेयर गिरे
निफ्टी के 50 शेयरों में से 38 में गिरावट रही। रियल्टी सेक्टर में 2.38%, फाइनेंशियल सर्विसेज में 1.76% और प्राइवेट बैंक में 1.29% की गिरावट देखी गई। हालांकि, सरकारी बैंकिंग इंडेक्स और मीडिया क्षेत्र में मामूली बढ़त देखी गई।
गिरावट के कारण: भारत-पाकिस्तान तनाव, ग्लोबल दबाव और मुनाफा वसूली
शेयर बाजार में गिरावट के प्रमुख कारण:
- भारत-पाकिस्तान तनाव: पहलगाम हमले के बाद दोनों देशों के बीच बढ़ते तनाव ने निवेशकों के बीच अनिश्चितता और डर का माहौल बना दिया, जिससे बिकवाली बढ़ी।
- ग्लोबल मार्केट दबाव: अमेरिकी बाजारों में अस्थिरता और डॉलर इंडेक्स में तेजी का असर भारतीय बाजार पर पड़ा।
- मुनाफा वसूली: हालिया उच्चतम स्तरों पर पहुंचने के बाद निवेशकों ने मुनाफा वसूली शुरू की, जिससे बाजार में गिरावट आई।








