
- समाधान दिवस में DM के सामने महिला फूट-फूटकर रोई
- बेटे की हत्या और जमीन कब्जे का आरोप
- जेल से छूटे आरोपी दे रहे जान से मारने की धमकी
लखनऊ। सरोजनी नगर तहसील में आयोजित समाधान दिवस कार्यक्रम के दौरान एक भावुक कर देने वाला दृश्य सामने आया, जब काकोरी के बेहटा निवासी विजय लक्ष्मी नामक महिला जिलाधिकारी विशाख जी के सामने पहुंचते ही दहाड़े मारकर रोने लगी। वहां मौजूद अधिकारियों और फरियादियों के बीच सन्नाटा छा गया।
महिला ने बताया कि 19 फरवरी को उसके 29 वर्षीय बेटे अंकित राजपूत की गांव के ही सात लोगों ने जमीनी विवाद के चलते गोली मारकर हत्या कर दी थी। उन्होंने आरोप लगाया कि सुमित कनौजिया, गोलू यादव, टउंवा और अखिलेश सहित सातों आरोपी जेल से छूटकर अब परिवार को जान से मारने की धमकी दे रहे हैं।
विजय लक्ष्मी ने यह भी बताया कि आरोपी सरकारी जमीन पर अवैध प्लॉटिंग कर उसे बेच रहे हैं। इस संबंध में उसने कई बार स्थानीय लेखपाल और अन्य अधिकारियों से शिकायत की, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई।
जिलाधिकारी ने महिला की शिकायत गंभीरता से लेते हुए सरोजनी नगर के एसडीएम और अन्य अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने पीड़िता को सुरक्षा और न्याय दिलाने का भरोसा भी दिलाया।
वकीलों ने न्यायिक कोर्ट स्थानांतरित करने की उठाई मांग
समाधान दिवस के दौरान सरोजनी नगर तहसील बार एसोसिएशन के अध्यक्ष कमलेश प्रताप सिंह चौहान और महामंत्री राजेंद्र यादव के नेतृत्व में वकीलों के एक प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा। इसमें उन्होंने लखनऊ कलेक्ट्रेट में संचालित सरोजनी नगर उप जिलाधिकारी की न्यायिक कोर्ट को तहसील परिसर में स्थानांतरित करने की मांग की।








