
- साइबर ठगों ने महिला को झांसा देकर कैसे उड़ा ली एक लाख रुपये?
- पासपोर्ट के नाम पर ठगी, साइबर ठगों ने महिलाओं को कैसे फंसा लिया?
- साइबर क्राइम का शिकार, महिला के बैंक खाते से गायब हुए एक लाख रुपये
अम्बेडकरनगर। पासपोर्ट बनवाने के नाम पर साइबर ठगों ने एक महिला को फर्जी कॉल के जरिए ठग लिया। ठगों ने महिला के बैंक खाते से एक लाख रुपये की रकम निकाल ली। पीड़िता की शिकायत पर साइबर क्राइम सेल ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मामूली शुल्क के बहाने भेजा गया लिंक
अहिरौली के पांडेय पैकोली जैतपुर गांव की निवासी समीन निशा को एक अज्ञात नंबर से कॉल आया। कॉल करने वाले ने खुद को पासपोर्ट कार्यालय का कर्मचारी बताते हुए कहा कि उनका पासपोर्ट बनकर तैयार है, लेकिन उसमें नाम की त्रुटि है। इसे ठीक कराने के लिए उन्हें मात्र पांच रुपये का भुगतान करना होगा। इसके बाद पासपोर्ट 24 घंटे के भीतर उनके पते पर पहुंच जाएगा।
लिंक क्लिक करते ही खाते से एक लाख रुपये हुए गायब
ठग की बातों में आकर समीन निशा ने दिए गए लिंक पर क्लिक कर पांच रुपये का भुगतान कर दिया। लेकिन कुछ ही देर बाद उनके बैंक खाते से अलग-अलग लेन-देन के जरिए एक लाख रुपये की रकम निकाल ली गई। जब उन्हें पता चला कि उनके खाते से पैसे कट रहे हैं, तो उन्होंने तुरंत साइबर क्राइम सेल को सूचित किया।
पुलिस ने दर्ज की एफआईआर, जांच जारी
घटना की जानकारी मिलते ही कोतवाली पुलिस को सूचित किया गया। पीड़िता ने थाना कटेहरी में शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। थाना प्रभारी ने बताया कि साइबर टीम की मदद से तकनीकी जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार करने का प्रयास किया जाएगा।
पुलिस की चेतावनी: अज्ञात कॉल और लिंक पर न करें क्लिक
पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी अज्ञात कॉल या मैसेज पर बैंकिंग जानकारी साझा न करें। साथ ही, किसी भी संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने से बचें। पासपोर्ट या अन्य सरकारी सेवाओं से जुड़ी जानकारी केवल आधिकारिक पोर्टल या कार्यालय से ही प्राप्त करें।
इस तरह की घटनाओं से बचने के लिए साइबर सुरक्षा के नियमों का पालन करना जरूरी है। अगर किसी के साथ ऐसी कोई घटना होती है, तो तुरंत साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करें।








